भारतीय किसान यूनियन की 18 फरवरी को चंडीगढ़ में ललकार रैली होगी। यह ऐतिहासिक होगी। यह रैली भाजपा शासन को हिला कर रख देगी। इस रैली के बाद सरकार को स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करनी ही पड़ेगी। यह दावा भारतीय किसान यूनियन प्रदेश अध्यक्ष रत्नमान ने किया। वह रविवार को गांव सुनहेड़ी में आयोजित किसानों की पंचायत को संबोधित कर रहे थे।
किसान पंचायत का आयोजन गांव इकाई के प्रधान कर्ण सिंह सुनहेड़ी की अध्यक्षता में हुआ। इसमें आंदोलित किसानों ने केंद्र और प्रदेश में शासित भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की। पंचायत को जिलाध्यक्ष जयपाल नैन, किसान नेता रामदिया फतुहपुर, संजीव आलमपुर ने भी संबोधित किया। भाकियू प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि भाकियू के तत्वाधान में होने वाली ललकार रैली के लिए प्रदेश के किसानों में जबरदस्त उत्साह है। भाकियू नेता गांव-गांव में दौरे करके किसानों को ललकार रैली के लिए न्योता दे रहे हैं। यह रैली किसान विरोधी भाजपा सरकार की कमर तोड़ देगी। रैली की अगुवाई भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत, किसान आंदोलन प्रभारी युद्वबीर सिंह, पंजाब प्रदेशाध्यक्ष अजमेर सिंह लक्खोवाल, हरियाणा प्रदेश अध्यक्ष रत्नमान करेंगे। इस अवसर पर कृष्ण लाल, ऋषि, रामपाल, कर्म सिंह, मेवा सिंह, मामूराम, रामकरण, नाभ सिंह आलमपुर, सुमित सलारपुर, अशोक कुमार आदि किसान मौजूद रहे।