कुरुक्षेत्र। एनआईटी परिसर में बीओजी चेयरमैन तेजस्विनी अनंत कुमार व प्रोफेसर हवन में आहुती डालते
कुरुक्षेत्र। तमाम उपायों के बावजूद एनआईटी कुरुक्षेत्र में आत्महत्याओं का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा। चार छात्रों की आत्महत्या के बाद हॉस्टल-4 के मैस कर्मचारी ने फंदा लगाकर जान दे दी।
एनआईटी में चार माह में अब तक चार छात्र और एक कर्मचारी जान गंवा चुके हैं। पिछली घटनाओं के बाद एनआईटी में केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय तक की टीमें पहुंची थीं। बीओजी चेयरपर्सन, मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी और कई जांच कमेटियों ने परिसर का दौरा किया था।
छात्रों के लिए मानसिक स्वास्थ्य सत्र, काउंसिलिंग, हवन-यज्ञ और विशेष बैठकों का आयोजन भी किया गया। परिसर का माहौल सामान्य करने के लिए तीन अलग-अलग कमेटियां बनाई गई थीं लेकिन इसके बावजूद घटनाएं रुक नहीं रही हैं। अब 14 मई से री-अपीयर परीक्षाएं और 18 मई से नियमित परीक्षाएं शुरू होनी हैं। इसके लिए संस्थान ने छात्रों को 9 मई से कैंपस पहुंचने के निर्देश दिए थे। छात्रों की वापसी के बीच हुई इस घटना ने फिर से डर और असहजता का माहौल पैदा कर दिया है।
इस बार एनआईटी प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी की है। संस्थान की ओर से सिक्योरिटी गार्ड को छात्रों के कोर्स और वर्ष के अनुसार सूची सौंपी गई है। सूची के मुताबिक फिलहाल केवल अंतिम वर्ष के छात्रों को ही हॉस्टल में प्रवेश दिया जा रहा है। पहले और दूसरे वर्ष के छात्रों को अभी परिसर ें एंट्री नहीं दी जा रही।
कुरुक्षेत्र। एनआईटी परिसर में बीओजी चेयरमैन तेजस्विनी अनंत कुमार व प्रोफेसर हवन में आहुती डालते