यमुनानगर में पिछले चार दिनों से धुंध की सफेद चादर छाई हुई है। एकाएक छाई धुंध के कारण जिले का पारा भी लुढ़का गया। ऐसे में मौसम में ठंडक घुल गई। वीरवार की तरह शुक्रवार को जब लोग अपने बिस्तरों से उठे तो बाहर उन्हें धुंध की सफेद चादर मिली। धुंध के कारण दृश्यता भी कम रही। ऐसे में चालकों को अपने गंतव्य की तरफ जाने के लिए अपने-अपने वाहनों की धीमी रफ्तार के बीच लाइट जलाकर चलना पड़ा।
धुंध के साथ ही ठंडी हवा चलने से जनजीवन बेहाल हो गया है। जिले का तापमान अधिकतम 25 डिग्री सेल्सियस व न्यूनतम 13 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड हुआ है। मौसम विभाग ने इस सप्ताह तापमान में उतार-चढ़ाव जारी रहने का अनुमान लगाया है। फिलहाल बारिश के आसार बने हैं। कड़ाके की सर्दी हावी होने से जनजीवन बेहाल हो गया है। जिले का तापमान अधिकतम 20 डिग्री सेल्सियस व न्यूनतम सात डिग्री सेल्सियस रिकार्ड हुआ है।
मौसम विभाग ने इस सप्ताह तापमान में उतार-चढ़ाव जारी रहने का अनुमान लगाया है। उधर, सर्दी बढ़ने से बाजार में गर्माहट आई है। गर्म कपड़े, जूते, मोजे, इलेक्ट्रानिक सामान आदि की खरीदारी तेज हुई है। हीटर, गीजर, ब्लोअर आदि समान खरीदने के लिए बाजार में लोग जा रहे हैं। कृषि विभाग के डीडीए आदित्य डबास ने बताया कि धुंध व कोहरे का सीजन शुरू हो चुका है। कोहरा जीतना अधिक पड़ेगा गेहूं की फसल के लिए अधिक फायदेमंद है।
वातावरण में लगातार तीसरे दिन कोहरा छाया हुआ है। जिससे जनजीवन प्रभावित हो रहा है। हाईवे सहित शहर में सुबह कोहरे के कारण दृश्यता कम रही। जिससे वाहनों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा। सुबह आठ बजे शहरी क्षेत्र में कोहरे से राहत मिल गई। हालांकि ग्रामीण क्षेत्र में सुबह साढ़े 10 बजे तक कोई राहत नहीं मिल सकी।
शुक्रवार सुबह ग्रामीण व शहरी क्षेत्र में कोहरा छा गया। कोहरे के कारण वाहनों की गति पर लगाम रही। कोहरे के कारण ग्रामीण क्षेत्र में दृश्यता 20 मीटर तक सिमट गई और शहरी क्षेत्र में भी करीब 50 मीटर दूर दिखाई नहीं दे रहा था। कोहरे से नेशनल हाईवे-44 व 334 बी के साथ ही केजीपी-केएमपी पर भी वाहन रेंगते नजर आए। कोहरे का असर सड़कों के साथ रेल यातायात पर दिखाई दे रहा है। रेलगाडिय़ां कई घंटे की देरी से चल रही है। ऊंचाहार एक्सप्रेस छह घंटे तो हिमाचल पांच घंटे की देरी से चल रही है। अन्य मेल, एक्सप्रेस व सवारी गाड़ियां भी एक से दो घंटे तक की देरी से चल रही हैं। ट्रेनों के देरी से चलने के कारण यात्रियों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
वायु गुणवत्ता सूचकांक मापने के लिए मुरथल में लगाया गया मापक यंत्र वीरवार दोपहर से खराब है। सोनीपत से सटे दिल्ली में एक्यूआई 400 से पार बना हुआ है। जिसके बाद से ग्रैप-4 लागू किया गया है। ग्रैप-4 लगने के बाद भी कूड़े में आग लगाई जा रही है।