कुरुक्षेत्र। लेबनान में प्लाईवुड फैक्टरी में काम करने के दौरान दर्दनाक हादसे में मौत के बाद 29 दिन बाद शव घर पहुंचा है।
पिहोवा के वार्ड नंबर सात निवासी 26 वर्षीय धीरज कुमार का शव मंगलवार को अंतिम संस्कार के लिए घर लाया गया। धीरज तीन बहनों का इकलौता भाई था। वहीं धीरज की मौत के बाद अचानक एक युवती ने धीरज की पत्नी होने का दावा किया था, जो अंतिम संस्कार में भी शामिल हुई थी। धीरज के पिता पवन कुमार पिहोवा में कैथल रोड पर चाय की दुकान चलाते हैं। परिवार ने सरकार से आर्थिक सहायता की गुहार लगाई है। धीरज का 2 फरवरी को 27वां जन्मदिन था लेकिन उससे पहले ही मौत हो गई। वे 19 फरवरी 2025 को वर्क वीजा पर लेबनान गए थे। वह बीका वैली शहर की बॉयस डिजाइन प्लाईवुड फैक्टरी में लेबर का काम करते थे। दिसंबर 2025 से वह यहां काम पर थे, इससे पहले चौकीदारी करते थे।
कुरुक्षेत्र। धीरज।