कुरुक्षेत्र। जिले में लिंगानुपात कम रहने पर स्वास्थ्य विभाग ने 108 आशा वर्करों पर ठीकरा फोड़ दिया है। इसके चलते सोमवार को आशा वर्कर यूनियन के बैनर तले रोष जताया।
यूनियन की जिला कार्यकारिणी की बैठक सेक्टर-10 स्थित पार्क में हुई।
इसमें राज्य सहसचिव रोशनी देवी और सीआईटीयू के जिला सहसचिव महाबीर प्रसाद दहिया और कोषाध्यक्ष राजेंद्र सिंह ने मुख्य तौर पर संबोधित किया। रोशनी देवी ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार आशा वर्करों को नौकरी से निकालने के प्रयासों में लगी है। इसके चलते जिले की 108 आशा वर्करों की कार्रवाई के लिए सूची महज जिला में लिंगानुपात कम दर्शाने पर बना दी गई।
स्वास्थ्य विभाग ने उन्हें दोषी ठहराया है जबकि आशा वर्कर जब रिपोर्ट देती है तो उन्हें प्रताड़ित किया जाता है। प्रोत्साहन राशि रोके जाने के लिए कई माह से आशा वर्करों की रिपोर्ट पर हस्ताक्षर नहीं किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आशा वर्कर को टीकाकरण के समय पर पैसे नहीं मिल पा रहे हैं तो वहीं दिए गए प्रोफार्मा में इतने कॉलम दिए गए हैं, जिन्हें पूरा करने में समस्याएं आ रही हैं। उन्होंने मांग की कि ये प्रोफार्मा केवल एक ही पेज का होना चाहिए। आशा वर्करों ने चेतावनी दी कि सरकार ने इसी प्रकार से परेशान किया व उनकी मांगों को पूरा नहीं किया तो आंदोलन किया जाएगा।