अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र। गांव अमीन में अंकुश हत्याकांड के आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से खफा परिजन व ग्रामीण बुधवार को सड़कों पर उतर आए और केडीबी 100 फुटा रोड जाम कर दिया। ब्रह्मा चौक पर जाम लगाकर लोगों ने पुलिस अधिकारियों को खरी खरी सुनाई तो जमकर नारेबाजी भी की।
करीब डेढ़ घंटा तक लगाए जाम के दौरान भड़के ग्रामीणों ने मृतक के शव को भी स्ट्रेचर सहित सड़क पर रख लिया। प्रदर्शनकारियों को डीसी डॉ. एसएस फुलिया ने भी समझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे। डीएसपी गुरमेल सिंह, राज सिंह, तान्या सिंह ने आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने का भरोसा दिया तो ग्रामीण शांत हुए और शव लेकर गांव की ओर रवाना हुए। जाम लगने से सैकड़ों वाहन फंसे रहे और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। देर शाम परिजनों व ग्रामीणों ने शव का गांव में अंतिम संस्कार किया। इस दौरान भी डीएसपी गुरमेल सिंह सहित भारी पुलिस बल तैनात रहा तो वहीं युवा भाजपा नेता साहिल सुधा भी मौके पर पहुंचे। गांव में देर रात तक भी माहौल तनावपूर्ण बना रहा, जिसके चलते पुलिस तैनात रही।
धरना स्थल पर पहुंचा अंकुश का शव तो फूट-फूट कर रोने लगे परिजन व ग्रामीण
पीजीआई चंडीगढ़ में पोस्टमार्टम के बाद जैसे ही जाम लगा रहे परिजनों व ग्रामीणों के पास एंबुलेंस से शव पहुंचा तो वे फूट-फूट कर रोने लगे। इससे माहौल एकाएक ही गमगीन हो गया। प्रदर्शनकारियों ने कुछ देर के लिए शव को स्ट्रेचर सहित सड़क पर उतारा, जिसके बाद पुलिस के आश्वासन पर उसे गांव ले जाने को राजी हुए।
पहले पिपली- कुरुक्षेत्र रोड पर श्रद्धानंद चौक जाम करने के लिए पहुंचे ग्रामीण
ग्रामीण पहले करीब एक बजे श्रद्धानंद चौक पर जमा हुए। यहां जाम लगाकर रोष व्यक्त करने को लेकर चर्चा करने लगे। डीएसपी राज सिंह, सुभाष मंडी चौकी प्रभारी कुलदीप सिंह मौके पर पहुंचे और उन्हें समझाकर शांत किया। इसके बाद ग्रामीण जीटी रोड से ब्रह्मसरोवर को जाने वाले केडीबी रोड पर स्थित ब्रह्मा चौक पर पहुंच गए और जाम लगा दिया।
पुलिस पर भड़के ग्रामीण, बोले चार दिन में भी हमलावरों को नहीं किया गिरफ्तार
रोष जता रहे राहुल, सौरभ, बिट्टू, दीपक, मोहित, काका, दिलबाग, विनोद कुमार, कैलाश चंद , हरि सिंह सहित अन्य परिजनों व ग्रामीणों ने रोड जाम के दौरान पुलिस को भी खरी खरी सुनाई और कहा कि चार दिन में एक भी हमलावर को गिरफ्तार नहीं किया जा सका जबकि हमलावर उन्हें खुले रूप से जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। गांव में दहशत का माहौल है और पुलिस मूकदर्शक बनी है।
पहले शराब के ठेके पर, फिर तीन घरों में घुसकर किया हमला
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि आरोपी रवि उर्फ गोरखा व दर्जन भर युवकों ने शनिवार रात पहले गांव के समीप शराब ठेके पर अमित पर हमला किया और तोड़फोड़ की। इसके बाद करीब 20 वर्षीय अंकुश के घर जाकर हमला कर दिया। अंकुश गंभीर रूप से घायल हो गया। उसके पिता सतीश कुमार व मां भी घायल हो गए। इसके बाद हमलावरों ने अनिल, दीपू पर भी हमला कर घायल कर दिया।
अंकुश को मारी गोली तो पेट में घोंपे सुए
मृतक के परिजन कैलाश चंद का कहना कि हमलावरों ने पहले अंकुश के साथ मारपीट की और फिर उसे गोली मारी। बर्फ तोड़ने वाले सूए उसके पेट में कई वार किए। गंभीर हालत में उसे एलएनजेपी अस्पताल में दाखिल करया गया। जहां से पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया। वहां से मंगलवार को उसे दिल्ली रेफर कर दिया गया, लेकिन रास्ते में ही अंकुश ने दम तोड़ दिया।
अंकुश ने रवि से बनाई दूरी तो खफा होकर दिया वारदात को अंजाम
मृतक के परिजन कैलाश चंद, ग्रामीण राहुल, सौरभ, बिट्टू सहित ने बताया कि हमला करने के आरोपी रवि के खिलाफ पहले भी पुलिस में मामले पहुंचे हुए हैं। परिजनों ने अंकुश को उससे दूर रहने को कहा जबकि पहले अंकुश भी रवि के साथ उठता-बैठता था। अंकुश ने उससे दूरी बनाई तो खफा होकर रवि ने वारदात को अंजमा दे दिया। वहीं केयूके थाना प्रभारी का कहना है कि हमले के सही कारणों का गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में ही पता चल सकेगा।
देर रात तक भी पुलिस टीमें करती रहीं छापामारी
अंकुश की उपचार के दौरान मौत होने के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या का भी मामला दर्ज कर लिया है। वहीं उनकी गिरफ्तारी के लिए सीआईए-1 व 2, डिटेक्टिव स्टाफ, केयूके पुलिस, सुभाष मंडी चौकी पुलिस की टीमें देर रात तक अलग-अलग जगहों पर छापेमारी करती रहीं। लेकिन कोई आरोपी पकड़ में नहीं आ सका।