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Kurukshetra News: आढ़तियों का एलान, एक फीसदी आढ़त पर नहीं करेंगे सूरजमुखी खरीद, सुखाई बंद करने का अल्टीमेटम

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शाहाबाद। सूरजमुखी खरीद शुरू होते ही बढ़ा विवाद थम नहीं रहा है। जहां भारतीय किसान यूनियन आढ़तियाें पर निशाना साध रही है वहीं अब आढ़ती भी अपनी मांग पर अड़ गए हैं। दोनों एसोसिएशन ने बैठक कर फैसला लिया कि एक फीसदी आढ़त पर काम नहीं करेंगे। ढाई फीसदी आढ़त नहीं की तो सूरजमुखी की सुखाई भी बंद कर देंगे। आढ़तियों ने भाकियू द्वारा लगाए जा रहे आरोपों को खारिज कर दिया फसल खरीद भी ठप रही। भाकियू ने बुधवार को फिर किसान पंचायत बुलाई है, जिसमें बड़ा फैसला लिया जा सकता है। अब इस बैठक पर भी सभी की निगाहें टिक गई है।
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प्रधान स्वर्णजीत सिंह बिट्टू कालड़ा व प्रधान धनपत राय अग्रवाल की अध्यक्षता में हुई बैठक में 200 के करीब आढ़ती शामिल हुए, जिन्होंने किसान यूनियन द्वारा आढ़तियों पर लगाए गए अवैध वसूली के आरोपों पर गहरा रोष व्यक्त किया। सरकार द्वारा तय की गई एक प्रतिशत आढ़त के बजाय सर्व सम्मति से फैसला लिया कि 2.5 प्रतिशत से कम आढ़त पर काम नहीं करेंगे।
प्रधान बिट्टू कालड़ा ने कहा कि महंगाई बढ़ रही है तो आढ़तियों की आढ़त 2.5 प्रतिशत से कम क्यों की गई। पिछले 20-30 वर्षों से 2.5 प्रतिशत आढ़त चल रही है। शाहाबाद को छोड़कर आसपास की 16 मंडियों में शांतिपूर्वक काम चल रहा है। सरकार से उन्हें आढ़त के रूप में केवल 77 रुपए मिलते हैं, जबकि खर्चा 125 रुपए से ऊपर बैठता है।
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प्रधान बिट्टू कालड़ा ने भाकियू के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि मामले की कई बार जांच हो चुकी है। किसी से कोई कट नहीं लिया गया। आढ़ती और किसान में कोई भेद नहीं है। वहीं प्रधान धनपत राय अग्रवाल ने कहा कि भाकियू द्वारा आढ़तियों पर लगाए गए तमाम आरोप निराधार हैं। धनपत राय अग्रवाल ने कहा कि अभी तो पीएसएस के तहत खरीद होनी है, जिससे आढ़तियों का कोई लेना-देना नहीं है। वहीं प्रधान बिट्टू कालड़ा और धनपत राय अग्रवाल ने चेतावनी दी कि अगर वीरवार तक सरकार ने आढ़तियों के खर्चों को देखते हुए उनकी आढ़त 2.5 प्रतिशत नहीं की तो वीरवार से आढ़ती माल की सुखाई भी बंद कर देंगे। मार्केट कमेटी के वाइस चेयरमैन त्रिलोचन सिंह हांडा ने कहा कि आढ़तियों पर जितनी ज्यादा सख्ती की जाएगी, उसका बोझ भी आखिरकार किसान पर ही पड़ेगा।
भाकियू की पंचायत आज, किसान ले सकते हैं बड़ा फैसला
भाकियू चढूनी की पंचायत 27 मई को मार्केट कमेटी कार्यालय में होगी। राष्ट्रीय प्रेस प्रवक्ता राकेश बैंस व जसबीर सिंह मामूमाजरा ने बताया कि उनकी मांगों में सूरजमुखी की खरीद एमएसपी पर शुरू करवाना, यदि आढ़ती एक प्रतिशत आढ़त पर काम नहीं करते तो यह कार्य सीधे तौर पर सरकार द्वारा किया जाना भी शामिल है।
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