वहीं 4 उप पुलिस अधीक्षको की देखरेख में 98 महिलाओं सहित 560 पुलिस कर्मचारी भी परीक्षा को लेकर तैनात रहे। यातायात को सुचारू रखने के लिए हर चौक पर अलग से ट्रैफिक पुलिस कर्मचारी तैनात किया गया।
जिला पुलिस द्वारा पुलिस अधीक्षक सिमरदीप सिंह के दिशा निर्देश अनुसार सभी चौकों पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किये गए थे। परीक्षा के दौरान परीक्षा हॉल में किसी भी बाहरी व्यक्ति को अंदर नहीं जाने दिया गया। यातायात को सुचारू रूप से चलाने के लिए शहर कुरुक्षेत्र व शाहबाद में चौको पर अलग से ट्रैफिक पुलिस कर्मचारी तैनात किए गए थे। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए दो प्लाटून अलग से तैयार की गई। सभी परीक्षा केन्द्रोें के नजदीक पार्किंग स्थल अलग से बनाए गए ताकि वाहनों से भीड़ होने के कारण वाहनों की आवाजाही में बाधा न हो। परीक्षा को शांतिपूर्ण कराने के लिए तीन ड्यूटी मजिस्ट्रेटो के साथ-2 उप पुलिस अधीक्षक पिहोवा चन्द्रपाल, उप पुलिस अधीक्षक शाहबाद गुरमेल सिंह, उप पुलिस अधीक्षक रमेश गुलिया, उप पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार, प्रबंधक थाना शाहबाद, प्रबंधक थाना शहर थानेसर, प्रबंधक थाना केयूके, प्रबंधक थाना सदर थानेसर डयूटियों को चेक करते नजर आए। इसके अलावा परीक्षा के कारण परीक्षा के दौरान शहर कुरुक्षेत्र व शाहबाद में फोटोस्टेट करने वाली दुकानें भी बंद रही।परीक्षा के कारण जिला पुलिस द्वारा फेसबुक पर आमजन की सुविधा के शहर कुरुक्षेत्र व शाहाबाद के सड़कों के नक्शा भी अपलोड किया था ताकि परीक्षा केन्द्र तक पंहुचने में किसी को भी कठिनाई न हो। परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए उपायुक्त कुरुक्षेत्र के दिशा निर्देश अनुसार 5 हैल्प डैस्क बनाये गए जो कि गीता द्वार पिपली, नया बस अड्डा कुरुक्षेत्र, पुराना बस अड्डा कुरुक्षेत्र, रेलवे स्टेशन कुरुक्षेत्र, थर्ड गेट कुरुक्षेत्र पर बनाए गए है ताकि बाहर से आने वाले परीक्षार्थियों को सही जानकारी मिल सके।