कुरुक्षेत्र। कनाडा के नंबर से कॉल कर जालसाज ने एक विधवा के साथ 2.80 लाख रुपये की धोखाधड़ी कर लिए जाने का मामला सामने आया है। आरोपी ने दोहता बनकर महिला को धोखा दिया। महिला ने किसी से ब्याज पर पैसे लेकर आरोपी के बताए खाते में डाले थे। बाद में महिला ने अपने दोहते को बैंक से मिली रसीद भेजी तो सारा भेद खुल गया।
थाना साइबर में दर्ज शिकायत में लोहारा गांव की महिला ने बताया कि छह सितंबर को उसके मोबाइल विदेशी नंबर से कॉल आई थी, जिसमें बातचीत करने वाले ने खुद को उसका दोहता सतविंद्र सिंह बताया था। आरोपी ने उसे बताया कि 25 सितंबर को अपने घर पौंटा साहिब हिमाचल प्रदेश आएगा। इस बारे में उसके घर पर कुछ मत बताना, क्योंकि वह अपने माता-पिता को अचानक आकर सरप्राइज देगा। बातचीत के दौरान आरोपी ने उसका खाता नंबर भी मांगा, मगर उसने खाता नंबर देने से इनकार कर दिया। हालांकि बाद में आरोपी ने जिद करके उससे खाता नंबर लेकर उसमें पैसे डालने की बात कही। आरोपी ने यह रकम भारत आकर लेने की बात कही। कुछ देर बाद आरोपी ने उसे कॉल कर बताया कि उसने खाते में 10.15 लाख रुपये डाल दिए हैं। बाद में उसके पास एक और नंबर से कॉल आई, जिसमें व्यक्ति ने खुद को बैंक अधिकारी बताकर कनाडा से आई रकम के बारे में पूछताछ की। उस व्यक्ति ने ये रकम 24 घंटे में आने का आश्वासन दिया, कुछ देर बात ही आरोपी सतविंद्र ने उसे कॉल कर बताया कि उसने किसी हरजीत सिंह को चार लाख रुपये देने हैं, क्योंकि उसकी पत्नी की तबीयत ज्यादा खराब है। उसे दिल्ली के एक अस्पताल में दाखिल कराया गया है। महिला ने इतनी बड़ी रकम देने से इनकार कर दिया। कुछ देर बात उसके पास हरजीत का भी कॉल आया। आरोपी ने उससे रकम देने की विनती की। इसके बाद हरजीत और सतविंद दोनों उसे पूरा दिन बार-बार कॉल करते रहे। इसके बाद विश्वास होने पर महिला ने ब्याज पर दो लाख रुपये लेकर हरजीत के बताए खाते में डाल दिए। इसके बाद उसी रोज हरजीत ने दोबारा उसे कॉल करके उसे बताया कि उसकी पत्नी की मृत्यु हो गई है। शव देने के लिए अस्पताल के लोग उससे दो लाख रुपये मांग रहे हैं। अगर उसने दो लाख रुपये नहीं दिए तो वह सतविंद्र के खिलाफ कार्रवाई करेगा, क्योंकि उसने उससे चार लाख रुपये लेने थे। सतविंद्र भी उस पर पैसे देने का दबाव डालता रहा। बाद में उसने 80 हजार रुपये और हरजीत के खाते में डाल दिए। उसके बाद भी आरोपी उस पर पैसे देने का दबाव डालते रहे। बाद में उसने अपने दोहते को रकम की रसीद भेजी तो उसने रसीद डालने की वजह जानी और पूरा भेद खुल गया। पुलिस ने शिकायत पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।