रेलवे रिक्रूटमेंट बोर्ड की जूनियर इंजीनियर के पद के लिए परीक्षा देने पहुंचे पहुंचे बहुत से परीक्षार्थियों को बिना परीक्षा दिए लौटना पड़ा।
इन परीक्षार्थियों की परीक्षा दोपहर में एक बजे थी, लेकिन उन्हें 12 बजकर 5 मिनट पर ही परीक्षा में प्रवेश नहीं करने दिया गया। इससे परीक्षार्थियों में रोष पनप गया। छात्रों ने परीक्षा केंद्र संचालकों से गुजारिश भी की, लेकिन उनकी नहीं सुनी गई। बाद में छात्रों ने गेट पर प्रदर्शन भी किया।
परीक्षा देने से वंचित रह गए परीक्षार्थियों जींद निवासी सुनील, अमित, नरवाना निवासी मनजीत, नैनीताल निवासी प्रदीप, बहादुरगढ़ निवासी मोंटी, प्रवेश निवासी रोहतक ने बताया कि रेलवे रिक्रूटमेंट बोर्ड ने जूनियर इंजीनियर पद के लिए लिखित परीक्षा का आयोजन वीरवार को किया था।
बोर्ड का सेंटर कनिपला स्थित गीता इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एवं टेक्नॉलोजी में था। रोल नंबर स्लिप पर परीक्षा का समय एक बजे दोपहर से 3 बजे तक था। वह करीब 12 बजकर 5 और 10 मिनट पर परीक्षा केंद्र पर पहुंच गए, लेकिन वहां के मेन गेट पर ताला लगा दिया गया था।
परीक्षार्थियों ने बताया कि उन्होंने वहां बात की तो परीक्षा केंद्र संचालकों ने उन्हें परीक्षा में बैठने ही नहीं दिया। बोला कि परीक्षा भले ही एक बजे होनी थी, लेकिन अब वे परीक्षा में नहीं बैठ पाएंगे। परीक्षार्थियों ने बताया कि उन्हें जानबूझ कर परीक्षा में नहीं बैठने दिया गया।
नियमानुसार आधा घंटा पहले तक परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति रहती है। उन्होंने परीक्षा केंद्र संचालकों के व्यवहार के प्रति रोष जताया और कहा कि परीक्षार्थी हरियाणा के साथ यूपी, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश आदि राज्यों से आए थे। यदि समय नहीं बचा होता तो कोई बात नहीं थी। एक घंटा पहले पहुंचने के बाद भी उन्हें प्रवेश न देने की बात समझ में नहीं आई है।