संवाद न्यूज एजेंसी
पिहोवा। गांव असमानपुर में तीन दिवसीय डेयरी व कृषि प्रदर्शनी के अंतर्गत प्रदेश स्तरीय पशु मेला शुरू हो गया। मेले का उद्देश्य पशुपालकों को आधुनिक पशुपालन तकनीकों से अवगत कराना, देशी पशु नस्लों के संरक्षण को बढ़ावा देना रहा। मेले में पंजाब, उत्तर प्रदेश सहित विभिन्न प्रदेशों से भी पशुपालक पशु लेकर पहुंचे। मेले का शुभारंभ कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने किया।
उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से किसानों को हर तरह की सहायता प्रदान की जा रही है जो उनको पशु पालन में सहयोग प्रदान करतीं है। दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए सरकार किसानों को हर प्रकार का ऋण मुहैया करवा रही है। दूध उत्पादन में हरियाणा अग्रणी बना हुआ है।
कृषि मंत्री ने कहा कि इस तरह के प्रादेशिक पशु मेले ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ाने, पशुपालकों की आय में वृद्धि तथा आत्मनिर्भर भारत अभियान को मजबूती देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। मेले में गाय, भैंस, सहित विभिन्न पशु नस्लों की प्रदर्शनी लगाई गई। देशी और उन्नत नस्लों के पशुओं ने आगंतुकों का विशेष आकर्षण बने। मेले के दौरान पशुपालकों के लिए पशु स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए गए, जहां निशुल्क जांच, टीकाकरण एवं परामर्श की सुविधा उपलब्ध कराई गई। साथ ही पशु आहार, डेयरी उपकरण, दवाइयों एवं आधुनिक मशीनों की प्रदर्शनी भी लगाई गई, जिससे पशुपालकों को नवीन तकनीकों की जानकारी मिल सके।