कुरुक्षेत्र। एलएनजेपी अस्पताल परिसर में खड़े तीन हरे-भरे पेड़ काट दिए गए। यह पेड़ अस्पताल की खंडहर हो चुकी पुरानी इमारत के पास खड़े थे। अभी चौथे पेड़ बरगद की कटाई चल रही थी, मगर डीसी के हस्तक्षेप के बाद उसे रोक दिया गया। उधर, जिला स्वास्थ्य विभाग और अस्पताल प्रबंधन इसके पीछे नई इमारत के निर्माण का तर्क दे रहा है, मगर इस संबंध में अधिकारी अपना बयान देने से बच रहे हैं। हालांकि बिल्डिंग निर्माण मामले के अधिकारी ने साफ किया है कि परिसर से किसी और पेड़ की कटाई नहीं होगी, बल्कि उनको शिफ्ट करने पर विचार किया जाएगा।
दरअसल, एलएनजेपी अस्पताल की पुरानी इमारत खंडहर हो चुकी है। इसे ध्वस्त करके यहां नई सात मंजिला इमारत का निर्माण होगा। इसके निर्माण के लिए पीडब्ल्यूडी को जिम्मा सौंपा गया है। विभाग की ओर से निर्माण टेंडर जारी हो चुका है। अब कभी भी पुरानी इमारत को ध्वस्त करके निर्माण किया जाएगा, मगर इससे पहले निर्माण कार्य शुरू होता परिसर में खड़े नीम, जामुन और शहतूत के हरे-भरे तीन पेड़ काट दिए गए। इसके अलावा बरगद की कटाई चल रही थी, मगर डीसी के संज्ञान में मामला जाने के बाद उसे रोक दिया गया।
मामले को लेकर अस्पताल की पीएमओ डॉ. साराह अग्रवाल से बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि बीते दिवस ही उन्होंने कार्यभार संभाला है। उन्हें इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है।
अब नहीं काटा जाएगा परिसर से कोई पेड़
बिल्डिंग निर्माण मामले के अधिकारी डॉ. संदीप अग्रवाल ने बताया कि करीब डेढ़ सप्ताह के अवकाश के बाद उन्होंने गत दिवस ही कार्यभार संभाला है। अब अस्पताल परिसर से कोई हरा-भरा पेड़ नहीं काटा जाएगा बल्कि उनको शिफ्ट किया जाएगा। इस मामले को लेकर वे उच्च अधिकारियों से बातचीत करेंगे। उसके बाद ही आगामी कार्रवाई की जाएगी।