कुरुक्षेत्र। श्री शिरडी साई मंदिर में वीरवार को भक्तों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। श्रद्धालुओं ने साई बाबा को भोग लगाकर पूजा की। साई भक्त यश अरोड़ा ने श्री सांई चरित्र के प्रसंगों में बताया कि चाहे जितनी मर्जी माला फेर लो, जब तक मनुष्य का अहंकार समाप्त नहीं होता तब तक उसे प्रभु कृपा की प्राप्ति संभव नहीं है।
साई जी ईश्वर के प्रिय थे परंतु उनकी जुबान पर हमेशा रहता था-सबका मालिक एक। इसलिए सभी जीवों को एक समान समझो। इस दौरान साई पालकी भी निकाली गई, जिसमें भक्तों ने साईं के भजन प्रस्तुत किए। भजन दीवाना तेरा आया बाबा तेरी गलियों में...और शिरड़ी आने वालों की तकदीर बनती है...पर श्रद्धालु झूम उठे। भंडारे में सभी भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया। सांई आरती में संस्थापक अध्यक्ष डाॅ. विजय शर्मा, श्याम सुंदर सेठी, परविंद्र मनचंदा, मैनेजर दीपक शर्मा, राजेश्वर, सुरेश कुमार, प्रवीण शर्मा, सत्य प्रकाश, धीरज मैहता, तरुण ढींगड़ा, गौरव गर्ग, नीना गुप्ता सहित अन्य श्रद्धालु मौजूद रहे।