कुरुक्षेत्र। नवरात्रों के दौरान बड़ी संख्या में लोग व्रत रखते हैं लेकिन इस दौरान खानपान में लापरवाही सेहत पर बुरा असर डाल सकती है। डाइटिशियन के अनुसार करीब 50 प्रतिशत लोग व्रत के नाम पर पूरे दिन भूखे रहते हैं और केवल शाम को भारी भोजन करते हैं, जो स्वास्थ्य के लिए सही नहीं है। इससे शरीर का मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है और कमजोरी बढ़ने लगती है। ऐसे में दिनभर थोड़ा-थोड़ा और संतुलित भोजन करना जरूरी है।
डाइटिशियन नरेंद्र कौर ने बताया कि लगातार 10-12 घंटे खाली पेट रहने से ब्लड शुगर लेवल गिर सकता है जिससे कमजोरी, चक्कर और थकान जैसी समस्याएं बढ़ जाती हैं। व्रत के दौरान शरीर को रोजाना लगभग 1800 कैलोरी ऊर्जा की जरूरत होती है लेकिन अनियमित खानपान के कारण लोग इसका केवल 50-60 प्रतिशत ही ले पाते हैं। यही कारण है कि व्रत के दूसरे-तीसरे दिन तक लोगों में थकान और सुस्ती बढ़ने लगती है। व्रत के दौरान पर्याप्त पानी पीना भी बेहद जरूरी है, ताकि शरीर में निर्जलीकरण न हो। संतुलित और समय पर लिया गया आहार न केवल आपको स्वस्थ रखता है बल्कि व्रत के दौरान ऊर्जा और उत्साह भी बनाए रखता है।
सुबह का नाश्ता क्यों जरूरी
डाइटिशियन ने बताया कि सुबह का नाश्ता हल्का लेकिन पौष्टिक होना चाहिए। व्रत में नींबू का पानी, फल, दूध, दही या साबूदाना खिचड़ी ले सकते हैं। नारियल पानी या ताजा जूस पीना भी फायदेमंद रहता है। इससे शरीर को तुरंत ऊर्जा मिलती है और दिनभर थकान महसूस नहीं होती।
दोपहर में लें संतुलित भोजन
दोपहर के समय 400-600 कैलोरी का संतुलित भोजन लेना चाहिए। इसमें समा के चावल, कुट्टू या सिंहाड़े के आटे की रोटी के साथ हल्की सब्जी और दही शामिल किया जा सकता है। इससे शरीर को प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट और जरूरी मिनरल्स मिलते हैं, जो ऊर्जा बनाए रखते हैं।
शाम को हल्का स्नैक जरूरी : गौरव चावला
फिजिशियन डॉ. गौरव चावला ने कहा कि शाम के समय 150-250 कैलोरी का हल्का नाश्ता जैसे मखाने, फल या मूंगफली लेना चाहिए। इससे ब्लड शुगर संतुलित रहता है और शरीर में ऊर्जा बनी रहती है। विशेषज्ञों के अनुसार दिनभर में कम से कम दो से तीन लीटर पानी पीना जरूरी है। वहीं रात के भोजन में 300-500 कैलोरी का हल्का खाना जैसे खिचड़ी या उबले आलू लेना बेहतर रहता है। सोने से पहले दूध पीने से शरीर को अतिरिक्त पोषण मिलता है और नींद भी अच्छी आती है।
कुरुक्षेत्र। फिजिशियन गौरव चावला।
कुरुक्षेत्र। फिजिशियन गौरव चावला।