बीटेक के दूसरे वर्ष की छात्रा दीक्षा दुबे के आत्महत्या करने के ठीक एक दिन बाद शुक्रवार रात 12 बजे एक और छात्रा ने आत्महत्या का प्रयास किया। छात्रा ने कल्पना छात्रावास से कूदने का प्रयास किया परंतु उसे सहपाठियों ने बचा लिया। सूचना मिलते ही पहुंची पुलिस ने एंबुलेंस बुलाकर छात्रा को एंबुलेंस से अस्पताल भेज दिया। घटना के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल पाया है।
एक छात्र ने बताया कि सीएसई विभाग के पहले वर्ष की छात्रा जब आत्महत्या करने के लिए बॉलकनी पर चढ़ने का प्रयास कर रही थी उसी समय कुछ सहपाठियों ने उसे देख लिया और बचा लिया गया।
उधर सोशल मीडिया पर एक व्हाट्सएप मैसेज वायरल हो रहा है जिसमें लिखा है कि हे गायज, मेरी जिंदगी का कोई मकसद नहीं...अब मैं सुसाइड कर लेती हूं। इस मैसेज के बारे में दावा किया जा रहा है कि यह संदेश आत्महत्या का प्रयास करने वाली छात्रा का ही है। हालांकि इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। यूनिवर्सिटी थाने के एससएचओ विशाल कुमार बताया कि लड़की को बचा लिया गया है। उसे अस्पताल मं भर्ती कराया गया है।