कुरुक्षेत्र। थाना साइबर क्राइम पुलिस ने देशभर में छह करोड़ रुपये की साइबर ठगी को अंजाम देने वाले एक शातिर ठग को उसके सहयोगी के साथ गिरफ्तार किया है। उसके खिलाफ विभिन्न राज्यों में साइबर ठगी की 113 प्राथमिकी दर्ज हैं। आरोपी की गिरफ्तारी वशिष्ठ कॉलोनी निवासी एक महिला से ट्रेडिंग निवेश के नाम पर 50 लाख 65 हजार रुपये की ठगी के मामले में की गई है। आरोपियों की पहचान छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले से निवासी गिरीश पवार और ध्रुव कुमार के रूप में हुई है। दोनों को अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया।
थाना साइबर क्राइम प्रभारी महेश कुमार ने बताया कि गिरीश पवार के बैंक खाते में पीड़िता से धोखाधड़ी कर 16 लाख 30 हजार रुपये जमा करवाए गए थे। जांच में सामने आया है कि शातिर ठग जानबूझकर अपना बैंक खाता अन्य साइबर ठगों को उपलब्ध कराता था, जिसके बदले उसे कमीशन प्राप्त होता था। जांच के दौरान पता चला कि मई माह में उसके खातों के माध्यम से करीब छह करोड़ रुपये का लेनदेन हुआ। इसके बदले उसे छह लाख 50 हजार रुपये का कमीशन मिला। आरोपी के एचडीएफसी बैंक खाते के खिलाफ 75 साइबर ठगी की शिकायतें, जबकि एक अन्य खाते में 38 शिकायतें दर्ज हैं। इस प्रकार आरोपी के खातों से जुड़ी देशभर में कुल 113 शिकायतें सामने आई हैं। थाना प्रभारी ने बताया कि पीड़िता ने शिकायत में बताया कि उसने मोबाइल पर ट्रेडिंग निवेश से संबंधित एक विज्ञापन देखा था। विज्ञापन पर क्लिक करते ही उसे व्हाट्सएप कॉल आई, जिसमें कॉलर ने शेयर मार्केट में निवेश कर मोटा मुनाफा कमाने का झांसा दिया। आरोपियों के झांसे में आकर महिला ने शुरुआत में कुछ धनराशि निवेश की। बाद में फर्जी मुनाफा दिखाकर उसे और उसके पति को अधिक निवेश के लिए प्रेरित किया गया। इसके बाद आरोपियों ने ट्रेडिंग निवेश के नाम पर 50.65 लाख रुपये की ठगी कर ली।
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- 14.88 लाख रुपये पीड़िता को किए वापस
शिकायत के आधार पर थाना साइबर क्राइम में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच के दौरान आरोपियों को छत्तीसगढ़ से गिरफ्तार कर ट्रांजिट रिमांड पर कुरुक्षेत्र लाया गया। पुलिस की तत्परता से ठगी की गई रकम में से 14 लाख 88 हजार रुपये होल्ड करवा कर शिकायतकर्ता को वापस दिलवाए गए हैं।