संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र / शाहाबाद। हरियाणा पुलिस में सिपाही पद पर तैनात जवान के अपने घर में फंदा लगाकर जीवन लीला समाप्त कर लिए जाने का मामला सामने आया है।
पाडलू गांव के रहने वाले हरीश का कुछ माह पहले ही पुलिस में चयन हुआ था और वह करीब तीन माह से मधुबन पुलिस अकादमी में ट्रेनिंग ले रहा था। इस घटना से परिवार में मातम पसर गया और पूरा गांव शोक में डूब गया। हरीश एक दिन की छुट्टी लेकर शुक्रवार देर शाम घर आया था, जिसके बाद उसने रात को अपने दोस्तों के साथ समय बिताया। शनिवार तड़के परिवार त्रिलोकपुर माता मंदिर में पूजा के लिए रवाना हुआ, जिसमें हरीश ने यह कहकर शामिल होने से मना कर दिया कि उसे अगली सुबह ट्रेनिंग पर लौटना है। परिवार के जाने के बाद हरीश घर पर अकेला रह गया था। सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब पड़ोसी ने हरीश का शव फंदे पर लटका हुआ देखा। उसने तुरंत परिजनों को सूचित किया और उसके बाद पुलिस को सूचना दी।
ग्रामीण हरीश को तुरंत शाहाबाद के नागरिक अस्पताल में लाए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शाहाबाद थाना पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। जांच अधिकारी सब-इंस्पेक्टर नरेश कुमार ने बताया कि आत्महत्या के कारणों का अभी तक कोई खुलासा नहीं हुआ है। न ही कोई सुसाइड नोट बरामद हुआ है। पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है। इस घटना की सूचना मधुबन पुलिस अकादमी को भी दे दी गई है। हरीश के चाचा ने बताया कि वह पूरी तरह से सामान्य और खुशमिजाज था। उसने खुद ही परिवार को त्रिलोकपुर मंदिर के लिए विदा किया था।
किसी तरह की परेशानी का आभास नहीं हुआ था। घटना के बाद से पूरे गांव में शोक का माहौल है। करीब 25 वर्षीय हरीश पीछे अपने परिवार में पिता बलबीर सिंह, माता अंग्रेजो देवी और छोटे भाई विकास को छोड़ गया है।