कुरुक्षेत्र। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) के सिविल इंजीनियरिंग विभाग में बीटेक तृतीय वर्ष की पढ़ाई कर रहे छात्र ने बुधवार की देर रात करीब 11 बजे पंखे से फंदा लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। मृतक सिरसा जिले के शेरपुरा गांव का रहने वाला 22 वर्षीय प्रियांशु है। वह पिछले तीन साल से एनआईटी के छात्रावास नंबर आठ के कमरा नंबर 352 में रहा रहा था।
करीब दो माह में यह तीसरा मामला है। 10 दिन पहले भी संस्थान के एक छात्र ने आत्महत्या कर ली थी। लगातार ऐसी घटनाओं से अन्य छात्र व संस्थान प्रशासन सकते में हैं। एनआईटी प्रशासन ने आनन-फानन में बोर्ड की बैठक बुलाई और छात्रों से संवाद बढ़ाने पर जोर दिया। प्रियांशु आठ दिन से अपने दोस्त के कमरे में रह रहा था। क्योंकि उसके कमरे के ठीक ऊपर वाले कमरे 452 में 31 मार्च को नूंह के घासेड़ा गांव के पवन कुमार ने फंदा लगा आत्महत्या की थी। तभी से प्रियांशु सिरसा के ऐलनाबाद किशनपुरा गांव के रहने वाले दोस्त आदित्य के साथ उसके कमरे में सोता था। प्रियांशु बुधवार दोपहर को अपना मिड ट्रम का आखरी पेपर देकर आया था और दोस्तों को बता रहा था कि उसका पेपर अच्छा हुआ है।
देर शाम अचानक वह अपने दोस्तों के साथ चाय पीने के बाद छात्रावास की ओर चला गया। दोस्तों ने उसे वॉलीबाल खेलने जाने के लिए बोला, लेकिन वह अपने दोस्त को कमरे पर जाकर आराम करने का बोल कर वहां से चला गया। रात को खाना खाने के लिए मेस में भी नहीं गया। देर रात जब उसका दोस्त आदित्य उसके कमरे की ओर गया, लेकिन आवाज देने पर जब कमरा नहीं खोला गया तो पीछे से बालकनी में जाकर देखा तो प्रियांशु पंखे से झूल रहा था।
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विभागाध्यक्ष बोले, पढ़ाई में अच्छा था प्रियांशु
सिविल इंजीनियर विभाग के अध्यक्ष एसके पाटिदार का कहना है कि प्रिंयाशु पढ़ाई में अच्छा था और लगातार कक्षाएं भी लगाईं। परीक्षाएं भी पूरी लगन से दी और इस दौरान उसे देख कोई शंका तक नहीं की जा सकती थी कि यह कदम उठा लेगा। अब उसके पीछे रहे कारण पुलिस तलाश करेगी।
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पुलिस ने कब्जे में लिए छात्र के दोनों मोबाइल
सूचना पर एनआईटी प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया। थाना केयूके प्रभारी विशाल कुमार व थर्ड गेट चौकी प्रभारी विनोद कुमार ने बताया कि पुलिस ने मृतक के दोनों मोबाइल फोन कब्जे में ले लिए है और मामले की जांच की जा रही है। परिजनों ने किसी पर कोई शक नहीं जताया इत्तेफाकिया कार्रवाई की गई। पोस्टमार्टम और जांच में अगर कोई संदिग्ध परिस्थिति नजर आती है तो आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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दोस्त अगर तेरे कमरे पर न मिलूं तो मुझे मेरे कमरे में संभाल लेना
बुधवार को चाय पीने के बाद उसने अपने दोस्त आदित्य को कहा था कि वह शाम को उसे संभाल ले। वह या तो उसके कमरे पर मिलेगा अगर न मिले तो तुरंत उसे उसके कमरे में संभाल लेना। दोस्त जब देर रात को संभालने गया तो वह लटका हुआ मिला। आदित्य ने बताया कि प्रियांशु दो अप्रैल को अपने घर गया था और पांच अप्रैल को अपने चाचा व चाची के साथ वापस कुरुक्षेत्र आया था। क्योंकि उसके मिड टर्म पेपर होने थे। वहीं उसे जब यहां आकर पता चला कि उसके ठीक ऊपर वाले कमरे में रहने वाले युवक ने फंदा लगा लिया है तो वह परेशान सा रहने लगा था। इसके बाद वह अपने दोस्त के साथ रहने लगा था।