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आधे शहर की पेयजल, सीवरेज व टेलीफोन व्यवस्था चढ़ी लापरवाही की भेंट

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फोटो 15, 21 से 25
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आधे शहर की पेयजल, सीवरेज व टेलीफोन व्यवस्था चढ़ी लापरवाही की भेंट
- बिना दूसरे विभागों से संपर्क किए पेड़ काटने के बाद आधी रात को करवा दी खुदाई
- जनस्वास्थ्य विभाग को लगा 10 लाख का चूना, सप्ताह भर में सुचारु हो पाएगी व्यवस्था
- पीडब्ल्यूडी ने खड़े किए हाथ, सरकारी विभागों की आपसी तालमेल की खुली पोल
- पिपली से केयू थर्ड गेट तक सड़क को चौड़ी किए जाने का प्रोजेक्ट
सेवा सिंह
कुरुक्षेत्र। सरकारी विभागों के आपसी तालमेल के अभाव में करीब आधे शहर की पेयजल, सीवरेज व टेलीफोन व्यवस्था लापरवाही की भेंट चढ़ गई है। पिपली से केयू थर्ड गेट तक सिक्स लेन प्रोजेक्ट शुरू होते ही विभागों की लापरवाही ही नहीं बल्कि आपसी खींचतान भी खुलकर सामने आ गई तो मामला डीसी दरबार तक भी पहुंच गया है, जिसके बाद आनन-फानन में उक्त सुविधाएं दुरुस्त करने के प्रयास किए जाने लगे। लापरवाही के चलते लोगों को भारी परेशानी झेलने केे साथ-साथ जनस्वास्थ्य विभाग को करीब 10 लाख रूपये का चूना भी लग गया है, जबकि ऐसे हालात में प्रोजेक्ट पूरा होने तक लोगों को कितनी परेशानी का सामना करना पड़ेगा, यह भी सहज अंदाजा लगाया जा सकता है।
पिपली से केयू थर्ड गेट तक रोड को सिक्स लेन बनाया जाना है। इसके लिए करीब डेढ़ माह से पेड़ कटाई का कार्य किया जा रहा है। तीन दिन पहले रात करीब डेढ़ बजे अचानक ही वन विभाग की जेसीबी नए बस अड्डे के समीप रेड लाइट पर पहुंची और काटे पेड़ों की जड़ें निकालनी शुरू कीं। इसी दौरान जनस्वास्थ्य विभाग का 14 फीट गहरा सीवरेज मेन होल टूट गया। साथ ही करीब 15 फीट लंबी पेयजल पाइपलाइन भी फट गई। बीएसएनएल की केबल भी कट गई। एकाएक सड़क पानी से लबालब हो गई तो जेसीबी चालक काम छोड़कर जेसीबी सहित निकल लिया। इसके बाद सीवरेज लाइन में मिट्टी भर जाने से लाइन पूरी तरह ब्लॉक हो र्गई।
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ये क्षेत्र रहे प्रभावित
सीवरेज व पेयजल को लेकर मोहन नगर, वशिष्ठ कॉलोनी, साधु मंडी, डीडी कॉलोनी, बस अड्डे के सामने मार्केट, सरस्वती कॉलोनी से लेकर चट्ठा कॉम्लेक्स व सेक्टर-7 तक के लोग प्रभावित रहे। पीने के पानी के लिए लोगों को जनस्वास्थ्य विभाग के पानी के टैंकरों का सहारा लेना पड़ा। कई लोगों ने निजी टैंकर भी मंगवाए। बीएसएनएल की मेन वायर कट जाने से बस अड्डे के सामने मार्केट से लेकर सेक्टर सात तक के उपभोक्ताओं के करीब 250 टेलीफोन व इंटरनेट कनेक्शन ठप रहे। उक्त क्षेत्र में पड़ने वाले दर्जनों शिक्षण संस्थान, कोचिंग सेंटर के अलावा बैंक व अन्य संस्थानों की उक्त सुविधाएं भी पूरी तरह से प्रभावित रहीं।

दुकान के बाहर लगा सीसीटीवी कैमरा खंगाला तो हुआ खुलासा
जनस्वास्थ्य विभाग व टेलीफोन विभाग के अधिकारी एक साथ इतने नुकसान को देख हैरान रह गए। उन्होंने जब सामने स्थित दुकान पर लगा सीसीटीवी कैमरा खंगाला तो खुलासा हुआ कि रात करीब डेढ़ बजे जेसीबी से खुदाई के दौरान यह हालात बने हैं। इसके बाद अधिकारियों ने पीडब्ल्यूडी से संपर्क साधना शुरू किया।

हर बार बिना बताए कर दी जाती है खुदाई : बलवान
बीएसएनएल के कैजुएल कॉन्ट्रैक्टर वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेशाध्यक्ष बलवान सिंह का कहना है कि जो भी विभाग कहीं खुदाई करता है तो उन्हें कोई जानकारी नहीं दी जाती। खामियाजा बीएसएनएल के साथ-साथ उपभोक्ताओं को भी भुगतना पड़ता है। पिपली रोड पर भी ऐसा ही हुआ और रात करीब डेढ़ बजे अचानक खुदाई कर दी, जिससे बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं के लिए परेशानी खड़ी हो गई।

काम ठप हुआ तो रात को पहुंचे पीएनबी के अधिकारी
पीएनबी की चट्ठा कॉम्प्लेक्स में स्थित मेन ब्रांच में भी बीएसएनएल वायर कटते ही काम ठप हो गया। महीने के अंतिम दिन रविवार होने के चलते बैंक कर्मियों को शनिवार को ही अपना काम निपटाना था, लेकिन इंटरनेट कनेक्शन ठप होने से काम नहीं हुआ। जब वायर कटने का पता चला तो मौके पर जा पहुंचे। बीएसएनएल से अस्थायी वायर लगवा रात को काम निपटाया।

करीब 10 लाख का हुआ नुकसान, कौन करेगा भरपाई : खंडूजा
जनस्वास्थ्य विभाग के एक्सईएन अशोक खंडूजा का कहना है कि लापरवाही के चलते सीवरेज व पेयजल पाइपलाइन टूटी है। इसमें करीब 10 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। पीडब्ल्यूडी ने यह कार्य वन विभाग का बता पल्ला झाड़ लिया। अब यह भरपाई कौन करेगा, यह सवाल खड़ा हुआ है। खुदाई करने से पहले उनसे संपर्क तक करने की जहमत नहीं उठाई। हालांकि अस्थायी तौर पर सीवरेज व पेयजल के लिए प्रयास शुरू कर दिए गए हैं, लेकिन व्यवस्था ठीक करने में करीब एक हफ्ता लगेगा।

250 टेलीफोन व इंटरनेट कनेक्शन ठप, डीसी के संज्ञान में दिया मामला : एसडीओ
बीएसएनएल के एसडीओ पवन कुमार गुप्ता का कहना है कि रात के समय खुदाई कर दी गई जबकि इस संबंध में उनसे संपर्क तक नहीं किया गया। इससे मेन लाइन कटी और समीप के एरिया के अलावा सेक्टर सात के करीब 250 टेलीफोन व इंटरनेट कनेक्शन ठप हो गए हैं। कई दिन पहले भी केबल कटी थी, जिससे भी कॉर्पोरेशन को बड़ा नुकसान हुआ तो उपभोक्ताओं को भी भारी परेशानी झेलनी पड़ी। अब मामला डीसी के संज्ञान में ला दिया गया है और उन्होंने सोमवार को होने वाली सीएम विंडो की शिकायतों को लेकर बैठक में अधिकारियों को आपसी तालमेल बनाए रखने के निर्देश देने को लेकर आश्वस्त किया है।

वन विभाग को संबंधित अधिकारियों को देनी चाहिए थी जानकारी : कंबोज
पीडब्ल्यूडी के एक्साईएन जेपी कंबोज का कहना है कि वन कटाई का कार्य वन विभाग का है और दूसरे संबंधित विभागों के अधिकारियों को पेड़ों की जड़ निकालने के लिए खुदाई से पहले जानकारी देनी चाहिए थी। पीडब्ल्यूडी विभाग की ओर से सभी विभगों को सूचित किया हुआ है तो वहीं विभाग के अधिकारियों से लेकर ठेकेदारों को भी कड़े निर्देश दे दिए गए हैं। उधर वन विभाग के अधिकारी विरेंद्र गिल का कहना है कि पेड़ कटाई का पूरा काम फॉरेस्ट कॉर्पोरेशन के जीएम संदीप सैनी के पास है वहीं प्रयास के बाद भी उनसे संपर्क नहीं हो पाया।

38 करोड़ का है सिक्स लेन प्रोजेक्ट, 15 माह में होगा पूरा
पिपली से केयू थर्ड गेट तक रोड को सिक्स लेन किए जाने के प्रोजेक्ट पर 38 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। पेड़ कटाई के अलावा 21 सितंबर से शुरू हुआ यह प्रोजेक्ट 15 माह में मार्च 2020 तक पूरा किया जाना है।
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रेलवे रोड प्रोजेक्ट से भी नहीं लिया अधिकारियों ने सबक
करीब साढे़ आठ करोड़ से तैयार हुए सिक्स लेन रेलवे रोड प्रोजेक्ट के दौरान आई समस्याओं से भी अधिकारियों ने सबक नहीं लिया है। इस प्रोजेक्ट के दौरान भी अनेकों बार टेलीफोन वायर से लेकर पेयजल पाइप व सीवरेज लाइन को नुकसान हुआ। उस दौरान अधिकारियों में तालमेल का अभाव खुलकर सामने आता रहा।
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