जाट महारैली में जिला से बड़ी संख्या में लोग लेंगे भाग : राठी
अमर उजाला ब्यूरो
लाडवा।
अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के जिलाध्यक्ष बलदेव राठी ने कहा कि पिछले 11 साल से जाट आरक्षण के लिए आंदोलन कर रहे है। अब तक करीब 21 नौजवानों ने अपनी शहादत दी और सैकड़ों को जेल जाना पड़ा और करीब 2100 से अधिक जाटों पर मुकद्दमे दर्ज हुए है। उन्होंने कहा कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता जाट समाज का संघर्ष जारी रहेगा।
उन्होंने बताया कि 26 नवंबर को जसिया में जाट महारैली का आयोजन किया जाएगा। यह रैली ऐतिहासिक रैली होगी। इस रैली में जिले के हर गांव से जाट समुदाय के लोग बढ़-चढ़कर भाग लेंगे। बलदेव राठी लाडवा खंड के दर्जनों गांवों में रैली का न्योता देने के उपरांत गांव बडौंदा में पूर्व सरपंच राजेंद्र सिह के निवास पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने गांव जैनपुर, गोबिंदबढ़, बडौंदा-बडौंदी, भूतमाजरा, मुरादनगर, बदरपुर, बनी, छलौंदी, बन, बूढ़ा, बपदी आदि गांव में जाकर समाज के लोगों को रैली का न्योता दिया और रैली में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की। इसी दिन करीब 100 एकड़ में बनने वाले दीनबंधु चौ. छोटू राम प्रतियोगी परीक्षा और कौशल विकास संस्थान का भूमि पूजन और शिलान्यास किया जाएगा। यह संस्थान शिक्षा के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने बताया कि भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए जाट समाज में सामाजिक, शैक्षणिक और आर्थिक क्रांति लानी होगी। इसके लिए दीनबंधु चौ. छोटू राम प्रतियोगी परीक्षा व कौशल विकास संस्थान की स्थापना 26 नवंबर को जसिया में भूमि पूजन और शिलान्यास कर किया जाएगा। उन्होंने समाज को एक जूट होकर इस महारैली में पहुंचने का आह्वान किया। इस अवसर पर उनके साथ समिति के प्रदेश महासचिव आशीष फौजदार, युवा प्रभारी जस्सी बरोट, जिला महासचिव ज्ञान चंद नांदल, ब्लाक अध्यक्ष शिव राम नांदल, जगमाल हलालपुर, रिंकू औजला, सतपाल बरोट आदि उपस्थित थे।