अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र।
कुरुक्षेत्र के 14 तीर्थो की परिक्रमा के साथ इनके कायाकल्प करने की घोषणाएं करने के साथ सीएम ने एक तीर से कई निशाने साधे। मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने मुगलकाल में प्रचलित गांव अमीन के नाम को आज बदलकर महाभारत के वीर योद्धा अभिमन्यु के नाम पर करने की घोषणा की। कांग्रेस की सरकार में हरियाणा के तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के शासनकाल में हुई भगवान कृष्ण के विराट रूप वाली करोड़ों की लागत से बनने वाली प्रतिमा को जल्द पूरा कराने का ऐलान किया। खास बात ये भी है कि मुख्यमंत्री आज जिन पौराणिक और ऐतिहासिक तीर्थों पर पहुंचे, वहां संयुक्त पंजाब और 1966 में हरियाणा के अलग राज्य बनने के बाद से पहली बार कोई सीएम पहुंचा था।
मुख्यमंत्री शुक्रवार सुबह साढ़े आठ बजे सबसे पहले रत्नुक यक्ष चिट्टा मंदिर बीड़ पीपली पहुंचे थे। इसके बाद उन्होंने 14 तीर्थों पर पहुंचकर पूजा की। इन अहम स्थलों के जीर्णोद्धार और विकास के लिए कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड और जिला प्रशासन को निर्देश दिए। सीएम ने कहा कि सरकारी रिकॉर्ड में गांव का नाम बदलने की प्रक्रिया जल्द पूरी की जाएगी। यह वही तीर्थ है, जहां महाभारत युद्ध के दौरान कौरवों ने चक्रव्यूह रचा था और इस सातवें चक्रव्यूह को तोड़ते हुए अभिमन्यु वीरगति को प्राप्त हुए थे। खास बात यह रही कि गांव अमीन के सरपंच पुनर्वसु सहित 51 लोग भाजपा में शामिल हो गए। इस दौरान सीएम ने कहा कि वे आज राजनीति की बात करने नहीं आए, बल्कि तीर्थो के विकास के लिए आए हैं। कहा जब गांव प्रमुख 51 लोग सहित भाजपा में शामिल हुए हैं तो पूरा अमीन आज भाजपा से जुड़ चुका है। वर्ष 2014 में पिहोवा क्षेत्र से भाजपा की टिकट पर विधानसभा का चुनाव लड़कर दूसरे स्थान पर रहे जयभगवान शर्मा डीडी के भाजपा से दूरी और खफा होने की चर्चा रही। लेकिन, आज के सीएम के पहले दौरे के समय जयभगवान शर्मा डीडी मनोहर लाल खट्टर की गाड़ी में साथ नजर आए। लोकसभा और विधानसभा चुनाव में टिकट कटने के बाद भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष एवं भाजपा लीगल सेल के प्रदेशाध्यक्ष धुम्मन सिंह किरमिच के घर पर मुख्यमंत्री ने चाय-नाश्ता कर जाट समुदाय के इस बड़े गांव में भाजपा का गढ़ मजबूत करने के संकेत दिए।
सीएम सिक्योरिटी के उच्चाधिकारी को कहा वाणी बंद हो जाएगी
जब सीएम सरस्वती तीर्थ के प्राचीन सरस्वती मंदिर में पूजा करने पहुंचे तो इस दौरान सीएम सिक्योरिटी के एक उच्च अधिकारी ने मंदिर का दरवाजा बाहर से बंद कर दिया। इसके बाद जो हुआ शायद उन्हें भी उम्मीद नहीं होगी। दरअसल, यह दृश्य देख वहां खड़े एक शख्स ने नाराजगी जताते हुए कहा कि यह वाणी की देवी का मंदिर है। तीर्थ पर आकर यदि परंपराओं को तोड़ेंगे तो यह देवी आपकी वाणी भी बंद कर देगी। इसके बाद उच्च अधिकारी ने खुद दरवाजा खोल दिया।
सीएम को मगरमच्छ नहीं दिखे तो महंत ने बुलाया
भू रीश्रवा तीर्थ भौर सैयदां में जब सीएम पहुंचे तो यहां उन्होंने तीर्थ के सरोवर में मगरमच्छों को करीब से देखा। हालांकि, जब पानी में बहुत देर तक कोई मगरमच्छ नहीं दिखा तो महंत ने मगरमच्छों को आवाज देकर बुलाया। उनके आवाज लगाते ही वहां कई मगरमच्छ आ गए।
हर तीर्थ पर जल का किया आचमन
कुरुक्षेत्र के इतिहास में यह पहला अवसर था कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल न केवल सभी तीर्थों पर पहुंचे, बल्कि तीर्थों के सरोवरों के पवित्र जल का आचमन भी किया। इन तीर्थ स्थलों के दर्शन मात्र से सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिलती हैं।
किरमिच में बनेगा मेला ग्राउंड
गांव किरमिच में बनेगा खेल मेला ग्राउंड सीएम मनोहर लाल ने गांव किरमच के कुलतारण तीर्थ का अवलोकन किया तो ग्रामीणों ने कुछ मांगें भी सौंपी। मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के मांगपत्र को पढ़कर आश्वासन दिया कि किरमिच के साथ खेल मेला ग्राउंड बनाया जाएगा। घाटों को चौड़ा किया जाएगा। खेल मेला ग्राउंड की तरफ से तीर्थस्थल तक आने का एक रास्ता तैयार होगा।