कानून का सख्ती से पालन करा कर लगाया सकते सड़क हादसों पर अंकुश
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र।
लापरवाही के चलते लगातार बढ़ रहे सड़क हादसों पर सख्ती से कानून लागू करने के साथ जागरूकता से अंकुश लगाया जा सकता है। घर में परिजनों को तो शिक्षण संस्थानों में शिक्षक स्टाफ को आगे आना होगा। विशेष रूप से दो पहिया वाहनों के हादसों में मौत के आंकड़े कम किए जा सकते हैं।
परिजन अपने बच्चों को बिना हेलमेट वाहन चलाने से मना करें और इसके उपयोग के फायदे बताएं तो हेलमेट का उपयोग जरूर बढ़ेगा। स्कूल से लेकर विश्वविद्यालय स्तर तक हर कक्षा में विद्यार्थियों को हेलमेट के उपयोग के साथ ही यातायात नियमों की जानकारी लगातार देने की जरूरत है। विशेषज्ञों की मानें तो उन्हें जितना जागरूक किया जाएगा, उतनी ही हादसों और उनमें मरने वालों की संख्या में कमी आएगी। शहरवासी प्रमोद कुमार, पवन कुमार का कहना है कि परिजन यदि हेलमेट न पहनने की लापरवाही को गंभीरता से लें तो पुलिस की सख्ती की भी जरूरत नहीं पड़ेगी। हालांकि, इस मामले में पुलिस को भी सख्त रवैया अपनाना चाहिए। स्कूल और कॉलेजों के आसपास विशेष रूप से गश्त लगा कर ऐसे वाहन चलाने वाले विद्यार्थियों को अवश्य ही काबू करना चाहिए। साथ ही ऐसे वाहन चालकों पर लगाम लगना चाहिए, जो दूसरों के लिए खतरा साबित होते हैं।
स्कूल और कॉलेज स्तर पर करवाई जा रही हैं परीक्षाएं : देवेंद्र
ट्रैफिक एसएचओ देवेंद्र कुमार का कहना है कि विद्यार्थियों में जागरूकता लाने के लिए स्कूल और कॉलेज स्तर पर यातायात नियमों की व्यापक जानकारी पुलिस विभाग दे रहा है। इसके साथ ही उनमें जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से प्रतियोगिता परीक्षा आयोजित की जा रही है। पुलिस सख्ती भी बरत रही है।