कुरुक्षेत्र। स्टडी वीजा पर ऑस्ट्रेलिया भेजने के नाम पर फर्जी एजेंटों ने नगला गांव के एक युवक से 33 लाख रुपये की ठगी कर ली। पीड़ित ने यह रकम अपनी जमीन बेच कर जुटाई थी। आरोपी उसे वीजा से जुड़े फर्जी दस्तावेज दिखाकर रुपये ऐंठते रहे। अंत में आरोपियाें ने न तो वीजा दिया और न ही रुपये वापस किए। पुलिस ने शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत में नगला गांव निवासी हरमीत सिंह ने बताया कि वे अपनी उच्च शिक्षा के लिए ऑस्ट्रेलिया जाना चाहते थे। इसके लिए उन्होंने नलवी गांव निवासी शराब कारोबारी गुरजंट सिंह से बातचीत की तो उसने अपने एजेंट दोस्त युवराज सिंह हैरी से मिलवाया। दोनों पक्षों में सौदा तय होने के बाद सरदूल सिंह ने रुपये की पूरी गारंटी ली।
इसके बाद आरोपियों ने फाइल शुरू करने के नाम पर पीड़ित से 20 हजार रुपये अपने बैंक खाते में ले लिए। अगले दिन सरदूल ने गारंटी के तौर पर 20 लाख 80 हजार रुपये अपने खाते में डलवा लिए और युवराज को फाइल लगाने की प्रक्रिया शुरू करने को बोला।
युवराज पीड़ित हरमीत सिंह के पास वीजा से जुड़े दस्तावेज भेजता रहा और यकीन दिलवाता रहा कि उसके वीजा का काम जारी है। हर बार एक नया दस्तावेज भेज रुपये ऐंठता रहा। इस तरह से आरोपियों ने पीड़ित से कुल 33 लाख रुपये ले लिए।
दिसंबर 2025 में युवराज ने हरमीत सिहं के फोन उठाने बंद कर दिए, अपने स्तर पर जांच की तो पता चला की युवराज भाग गया है। पीड़ित ने युवराज की ओर से भेजे गए दस्तावेजों की जांच करवाई तो पता चला की सारे दस्तावेज फर्जी हैं।
पीड़ित इसके बाद रुपयों की गारंटी लेने वाले सरदूल के घर पर पहुंचा तो वहां गुरजंट पहले से ही मौजूद था। दोनों से रुपये वापस मांगने पर दोनों भड़क गए और जान से मारने की धमकी दी।