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केयू प्रशासन से हुई कुंटिया नेताओं की तीसरी वार्ता भी नहीं चढ़ी परवान

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फोटो नंबर-35 से 39
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केयू प्रशासन से हुई कुंटिया नेताओं की तीसरी वार्ता भी नहीं चढ़ी परवान
- कुंटिया को विधायक का आश्वासन, वीरवार तक होगा समस्या का हल
- वार्ता में दो टूक, न होगा कोर्ट केस वापस, न बगैर टेस्ट प्रमोशन, वीसी रहे अडिग
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र। पिछले 21 दिनों से जारी कुंटिया की हड़ताल को खत्म कराने के लिए मंगलवार को केयू प्रशासन से हुई तीसरी वार्ता भी फेल हो गई। हालांकि थानेसर विधायक सुभाष सुधा ने कुंटिया और प्रशासन के बीच चल रहे इस विवाद को निपटाने के लिए वीरवार तक का समय मांगा है।
बताया गया है कि मंगलवार देर शाम को विधायक सुधा ने कुंटिया नेताओं से आज हुई वार्ता की फीडबैक ली थी। पूरी फीडबैक लेने के बाद विधायक ने बताया कि वह बुधवार को कुरुक्षेत्र में नहीं होंगे, इसलिए वीरवार तक इस समस्या का हल करा करा दिया जाएगा। इधर मंगलवार को कुलपति कार्यालय में करीब एक घंटे तक बातचीत का दौर चला, लेकिन यह तीसरी बार की वार्ता भी कुंटिया के आंदोलन को खत्म नहीं कर सकी।
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कर्मचारी नेता कृष्ण पांडेय ने बताया कि केयू प्रशासन के साथ हुई वार्ता में 17 कर्मचारी नेताओं के खिलाफ हुए मामलों, वरिष्ठता के आधार पर प्रमोशन देने और अगस्त माह के वेतन न काटने सहित अन्य मांगें रखीं गईं थीं, लेकिन इन मांगों पर सहमति नहीं बन सकी। वहीं पता चला है कि कुलपति प्रो. कैलाश चंद्र शर्मा ने कुंटिया प्रतिनिधिमंडल को 37 कुंटिया नेताओं के खिलाफ कोर्ट केस, चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को बिना टाइपिंग टेस्ट पास किए प्रमोशन देने व नो वर्क नो पे के आदेश पर वेतन काटने की बात पर अडिग रहे। कुलपति प्रो केसी शर्मा ने कर्मचारियों का उनका रुका हुआ सातवें वेतन आयोग का एरियर और स्टाफ रेशों की रुकी हुई राशि उनके खातों में डालने का आश्वासन दिया। कुलपति ने कर्मचारियों से काम पर वापस लौटने की अपील की। इस उपरांत कुंटिया पदाधिकारियों ने करीब तीन घंटे तक कुंटिया कार्यालय में गुप्त रूप से बैठक की।
बता दें कि कुंटिया अपनी मांगों को लेकर 29 अगस्त से धरना प्रदर्शन कर रहा है। इसकी वजह से यूनिवर्सिटी में कामकाज पूरी तरह से प्रभावित हो रहा है। कुंटिया प्रधान रामकुमार गुर्जर ने कहा कि कर्मचारियों के मान-सम्मान के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने यूनिवर्सिटी प्रशासन को आगाह करते हुए कहा कि विद्यार्थियों की समस्याओं के मद्देनजर कुंटिया की मांगों पर पुनर्विचार करते हुए प्रशासन अपना रूख स्पष्ट करें।

इन मांगों को लेकर किया हंगामा
-छात्र संगठनों के प्रत्यक्ष चुनाव कराने की मांग
-यूनिवर्सिटी परिसर में सरकारी कैंटीन खोलने की मांग
-केयू के गैर शिक्षक कर्मचारियों की मांगों का जल्द समाधान निकालने की मांग
-सभी छात्रावासों में समान खाना देने की मांग
-यूनिवर्सिटी के प्राइमरी स्कूल का पुनर्निर्माण कराने की मांग
-यूनिवर्सिटी में ए प्लस की तर्ज पर परिसर में सफाई-व्यवस्था बनाने की मांग


सभी जायज मांगें स्वीकार की है, आगे की हड़ताल कुंटिया पर निर्भर : प्रवक्ता
केयू प्रवक्ता ने बताया कि प्रशासन द्वारा कुंटिया पदाधिकारियों के सामने विकल्प प्रस्तुत कर दिए गए हैं। उनकी सभी जायज मांगों को स्वीकार किया जा चुका है। अब हड़ताल करनी है या यूनिवर्सिटी एवं विद्यार्थियों के हित में काम पर लौटना है, यह कुंटिया पर निर्भर है।

बुधवार से प्रदेशभर के विश्वविद्यालयों में दो घंटे तक गैर शिक्षक कर्मचारी देंगे धरना
कर्मचारी नेता कृष्ण पांडेय ने बताया कि ऑल हरियाणा इंप्लॉई फेडरेशन के आह्वान पर प्रदेशभर के सभी विश्वविद्यालयों में बुधवार से गैर शिक्षक कर्मचारी अपना कामकाज छोड़ दो घंटे के लिए धरना देंगे। उन्होंने कहा कि जब तक कर्मचारियों की मांगें पूरी नहीं होती तब तक कर्मचारियों का धरना जारी रहेगा। इस मौके पर रामेश्वर सैनी, विजय गौड़, गुरमेल संधु, सुरेंद्र मलिक, यशपाल सैनी, राजबीर सिंह, रूपेश खन्ना, राजकुमार ढींगड़ा, जगदीश खनौदा, रमेश बाल्यान, संतोष कुमार व बलकार सिंह सहित सैकड़ों कर्मचारी उपस्थित रहे।
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तीन छात्र संगठनों ने लगाया जाम
-गुस्साए छात्रों ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के थर्ड गेट पर लगाया ताला
-छात्रों के जाम और प्रदर्शन से एक घंटे तक कुरुक्षेत्र-कैथल मार्ग रहा प्रभावित
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र। केयू के तीन छात्र संगठनों ने कुंटिया की मांगें पूूरी कराने और प्रत्यक्ष रूप से छात्र संगठन चुनाव करने सहित अन्य मांगों को लेकर यूनिवर्सिटी परिसर में जलूस निकालते हुए यूनिवर्सिटी के थर्ड गेट पर ताला जड़ दिया। केयू स्टूडेंट्स एसोसिएशन के प्रधान विकाश बहाली के नेतृत्व में बीपीएसओ, कुसा एवं सोपू छात्र संगठन से जुड़े विद्यार्थियों ने यूनिवर्सिटी परिसर में एकत्रित होकर यूनिवर्सिटी कॉलेज और यूआईईटी को बंद कर दिया। इसके बाद सैकड़ों छात्र यूनिवर्सिटी प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए थर्ड गेट के समक्ष पहुंचे और गेट पर तालाबंदी कर दी। जब केयू प्रशासन की ओर से कोई प्रतिनिधि ज्ञापन लेने के लिए प्रदर्शन स्थल पर नहीं पहुंचा तो विद्यार्थी और उग्र हो गए और थर्ड गेट के पास कुरुक्षेत्र-कैथल मार्ग जाम कर दिया। इस दौरान डीएसपी गुरमेल सिंह, केयूके थाना प्रभारी छोटू राम, यातायात प्रभारी देवेंद्र कुमार, थर्ड गेट चौकी प्रभारी कुलदीप सिंह आदि ने प्रदर्शनकारी विद्यार्थियों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन विद्यार्थी नारेबाजी में जुटे रहे। काफी देर तक थर्ड गेट के सामने रोड पर जाम के चलते अव्यवस्था के हालात बने रहे और राहगीर अपने वाहनों को इधर-उधर से निकालने की जद्दोजहद करते नजर आए। हालांकि स्थिति को संभालने के लिए पुलिस फोर्स को तैनात किया गया था। डीएसपी गुरमेल सिंह ने कड़ी मशक्कत के बाद विद्यार्थियों को उनकी मांगें दस दिन में पूरी करने का आश्वासन दिया। इसके बाद सड़क पर बैठे विद्यार्थियों ने जाम को खोला। इसके आधा घंटे बाद तक भी कुरुक्षेत्र-कैथल मार्ग पर जाम की स्थिति बनी रही। इस मौके पर बीपीएसओ राज्य अध्यक्ष देवदत्त चोचड़ा, केयूके अध्यक्ष अरूण गौतम, अमित शर्मा बारना, शुकांत शर्मा, अंशुल पंडित, बब्लू बारना, नरवीर बूरा, अंकित कुंडू, सचिन खटकड़ व शक्ति बूरा सहित सैकड़ों विद्यार्थी मौजूद रहे।
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