फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मिड-डे-मील, शौचालयों, कम्पयूटर कक्ष, लाईब्रेरी, स्मार्ट क्लास रुम का किया निरीक्षण

विज्ञापन
विज्ञापन
फोटो समाचार
विज्ञापन

एडीसी ने किया कनीपला व मिर्जापुर राजकीय स्कूल में औचक निरीक्षण
-मिड-डे-मील, शौचालयों, कंप्यूटर रूम, लाइब्रेरी, स्मार्ट क्लास रूम का किया निरीक्षण
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र।
एडीसी एडीसी पार्थ गुप्ता ने कनीपला व मिर्जापुर राजकीय स्कूल में औचक निरीक्षण कर स्कूल के हाजिरी रजिस्टर एवं तमाम रिकार्ड को चेक किया। इसी के साथ उन्होंने मिड-डे-मील, शौचालयों, कंप्यूटर रूम, लाइब्रेरी, स्मार्ट क्लास रुम का किया निरीक्षण किया।
शनिवार को एडीसी स्कूल उपरोक्त दोनों स्कूलों में चेकिंग करने पहुंचे थे। इस दौरान वे विद्यार्थियों से भी रूबरू हुए। अतिरिक्त उपायुक्त पार्थ गुप्ता ने कहा कि बच्चों को उड़ान भरने के लिए शिक्षित और संस्कारवान होना होगा। जब विद्यार्थी अच्छी शिक्षा और संस्कार ग्रहण करेगा तो निश्चित ही अपने जीवन के सपनों को सहजता से पूरा कर लेगा। जब प्रदेश का प्रत्येक युवा अपने सपने को पूरा करेगा तो निश्चित ही प्रदेश दिन दोगुनी रात चौगुनी उन्नति करेगा। उन्होंने गांव कनीपला के राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल और मिर्जापुर स्कूल का निरीक्षण करने के दौरान कक्षाओं में विद्यार्थियों से अपने मन की बात भी सांझा की। इससे पहले एडीसी पार्थ गुप्ता, जिला शिक्षा अधिकारी सुमन आर्य, डॉ. प्रीतम सिंह, शिक्षा विभाग जिला गणित विशेषज्ञ शिव चरण गुप्ता, राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल कुरुक्षेत्र की शिक्षिका अंजू गुप्ता ने मिर्जापुर और कनीपला सीनियर सेकेंडरी स्कूल का अवलोकन किया। इस टीम ने मिर्जापुर और कनीपला स्कूल में शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों के हाजिरी रजिस्टर, मिड डे मिल, स्कील पासबुक, बालिका मंच को चैक किया। इस दौरान एडीसी ने मिर्जापुर के प्रिंसिपल डॉ. एसएस बग्गा को कुछ आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।
विज्ञापन

एडीसी ने गांव कनीपला के सीनियर सेकेंडरी स्कूल के प्रिंसिपल विरेंद्र कुमार वालिया से स्कूल की शैक्षणिक, सांस्कृतिक, खेलकूद सहित तमाम गतिविधियों के बारे में रिपोर्ट हासिल कर स्कूल की शिक्षा को गुणवत्ता पूर्ण बनाने और स्कूल की वास्तविक शैक्षणिक स्थिति के बारे में पूछा। इसके बाद एडीसी ने स्कूल के टीचिंग ब्लाक, हर्बल पार्क, सुंदर व स्वच्छ शौचालयों, बेहतरीन विज्ञान संग्रहालय, लाइब्रेरी, मिड डे मील, स्मार्ट क्लास रूम, जैविक खाद बनाने के प्रोजेक्ट को देखने के बाद कान्फ्रेंस रूम में स्कूल की डाक्यूमेंटरी फिल्म को भी देखा और दसवीं कक्षा के विद्यार्थियों से सीधा संवाद भी किया।
उन्होंने कनीपला स्कूल की बेहतरीन व्यवस्था, अनुशासन और तमाम गतिविधियों का आंकलन करने के बाद सौ में सौ नंबर देते हुए कहा कि सभी राजकीय स्कूलों को कनीपला स्कूल को रोल माडल के रूप में देखना चाहिए और प्रिंसिपल विरेंद्र वालिया सहित तमाम शिक्षकों से भी प्रेरणा लेनी चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि खुब पढ़ लिखकर देश और प्रदेश के प्रति अपने कर्तव्य का निर्वाह करे। जो विद्यार्थी अपने इस दायित्व को पूरा करेगा, वह निश्चित ही अपने जीवन को सफल बना पाएगा।

एडीसी ने बच्चों से बनवाए चित्र और पूछी व्याख्या
एडीसी पार्थ गुप्ता ने राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल कनीपला और मिर्जापुर में दसवीं कक्षा के बच्चों की क्लास में जाकर कुछ समय के लिए एक शिक्षक की भूमिका अदा की। एडीसी ने स्वयं ब्लैक बोर्ड पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के चश्मे का चित्र बनाया और बच्चों से अपनी-अपनी कापियों में हूबहू चित्र बनाने के साथ-साथ जीवन के लक्ष्य को भी चित्र में अंकित करने के लिए कहा। इसके बाद बच्चों को कक्षा के मंच पर बुलाकर चित्र की व्याख्या पूछी और कनीपला स्कूल के तकरीबन बच्चों ने सटीक और बेहतरीन जवाब दिया। बच्चों के जवाब सुनकर सभी अधिकारियों ने तालियां बजाकर बच्चों को प्रोत्साहित करने का काम किया।
विज्ञापन


बच्चों से क्या-क्या किया सवाल
आईएएस अधिकारी पार्थ गुप्ता ने गांव कनीपला में कक्षा दसवीं बी और मिर्जापुर में नौवीं व दसवीं के बच्चों से सवाल पूछे की जीवन में क्या बनना चाहते हैं, आदर्श स्कूल कैसा होना चाहिए, कौन बच्चा आर्मी, पुलिस, खेलों में तथा संगीतकार और गीतकार बनना चाहता हैं। इसके अलावा बच्चों से स्कूल की विशेषताओं और शिक्षा की गुणवत्ता और स्कूल गतिविधियों के बारे में प्रश्न पूछे। सभी बच्चों ने अपने-अपने जीवन लक्ष्य के बारे में विस्तार से एडीसी के समक्ष रखा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें