कुरुक्षेत्र। किसानों के खेतों में लगे ट्रांसफार्मर चोरों के निशाने पर आए हुए है। जिला भर से जहां हर रोज एक से दो ट्रांसफार्मर चोरी के मामले सामने आ रहे है वहीं गांव ज्योतिसर में भी चोरों ने सोमवार रात को जमकर आंतक मचाया और एक साथ सात ट्रांसफार्मर से लाखों का कॉपर उड़ा ले गए। इस दौरान चोरों ने तीन अन्य ट्रांसफार्मर में तोड़फोड़ भी की।
मंगलवार सुबह किसान जब अपने खेतों में पहुंचे तो एक साथ चोरी की इतनी घटनाएं देख परेशान हो गए। इसके बाद ग्रामीणों ने घटना की पुलिस और बिजली निगम के अधिकारियों को सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंच जायजा लिया तो वहीं बिजली निगम की ओर से भी पुलिस को शिकायत दी गई। हालांकि इस क्षेत्र में पहले भी ट्रांसफार्मर चोरी की शिकायतें आती रही है, लेकिन पहली बार एक साथ इतने ट्रांसफार्मर चोरी की घटनाएं होने पर किसान पुलिस की मुस्तैदी पर सवाल उठाने लगे है। पिछले करीब चार माह से पुलिस ऐसे किसी गिरोह को नहीं पकड़ पाई है जबकि वारदातें थमने का नाम नहीं ले रही है।
विजय कुमार पुत्र हरि सिंह, पवन कुमार पुत्र दुनीचंद, अमरजीत सिंह पुत्र वेदप्रकाश, राजीव कुमार पुत्र अमरकेश, अनिल कुमार पुत्र दिवान चंद के खेतों से एक ही रात में ट्रांसफार्मर तोड़कर कॉपर चोरी किया गया जबकि आसपास में ही तीन अन्य किसानों के खेतों में लगे ट्रांसफार्मर को भी तोड़ा गया तो वहीं बिजली केबल भी काटी गई। हालांकि इन ट्रांसफार्मर से कॉपर चोरी करने में चोर सफल नहीं हो पाए।
ट्रांसफार्मर चोरी होने की घटनाओं से किसानों में भय का माहौल बना हुआ है। पुलिस जहां चोरों को काबू करने में नाकाम हो रही है वहीं किसान अब खुद ही रात को अपने-अपने खेतों में पहरा देने लगे है। किसान राजबीर, पवन, सतबीर सिंह व महाबीर सिंह का कहना है कि यह पुलिस की लापरवाही के चलते चोरों के हौंसले बुलंद हो रहे है। इतनी घटनाओं के बावजूद भी पुलिस गंभीर नहीं दिखाई दे रही, जिसके चलते उन्होंने खुद ही अपने ट्रांसफार्मर का रात को पहरा देना शुरू कर दिया है।
एक ट्रांसफार्मर में 25 से 30 किलोग्राम कॉपर निकलता है। बाजार में इस कॉपर की कीमत 20 से 25 हजार रुपये होती है। इसी लालच में ही ट्रांसफार्मर से कॉपर चोरी करते है। इसके साथ ही चोर ट्रांसफार्मर से ट्यूबवेल कनेक्शन से जुड़ी केबल भी चुरा ले जाते है।
ट्रांसफार्मर चोरी होने के बाद किसानों को फसल सूखने का भय सताने लगा है। नियमानुसार नया ट्रांसफार्मर लगवाने के लिए ट्रांसफार्मर की 20 फीसदी कीमत किसान को चुकानी होगी। 20 बीएचपी ट्रांसफार्मर की बाजार में कीमत करीब 50 हजार रुपये है। ऐसे में हर किसान को अब हजारों रुपये की कीमत भुगतनी होगी। जिसके चलते किसानों में रोष भी बना हुआ है।
एक साथ सात ट्रांसफार्मर चोरी होने व तीन ट्रांसफार्मर को तोड़े जाने से सैकड़ों एकड़ गेहूं की फसल सूखने की आशंका बन गई है। पीड़ित किसानों का कहना है कि अब गेहूं की फसल पकाई की ओर है और पानी की सख्त जरूरत है। इतने ट्रांसफार्मर चोरी होने व खराब होने के चलते अब फसल में पानी देना मुश्किल हो गया है। ऐसे में फसल सूख जाएगी और उन्हें लाखों का नुकसान होगा।
ज्योतिसर पुलिस चौकी प्रभारी शर्मिला का कहना है कि उनके पास करीब हर 10 दिन बाद ट्रांसफार्मर चोरी का मामला आ रहा है जबकि सोमवार रात को एक साथ सात ट्रांसफार्मर चोरी व तीन को तोड़े जाने की शिकायत भी उन्हें मिली है। इसके पीछे किसी गिरोह का हाथ है, जिसके कुछ सुराग लगे है। उन्हें जल्द ही काबू कर लिया जाएगा।