फोटो नंबर-73 व 74
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र। एलएनजेपी अस्पताल के एसएनसीयू में नवजात बच्ची के झुलसने के मामले में जांच कमेटी की ओर से लापरवाह करार दिए गए एसएनसीयू स्टाफ ने वहां के एक चिकित्सक पर प्रताड़ित करने के आरोप लगाए है। मामले में सोमवार को एसएनसीयू स्टाफ ने सिविल सर्जन व चिकित्सा अधीक्षक को शिकायत भी सौंपी है। स्टाफ नर्सों ने आरोप लगाया है कि पिछले कई दिनों से एसएनसीयू में कार्यरत एक चिकित्सक द्वारा उनको बेवजह परेशान किया जा रहा है। एमएस को सौंपी शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया कि सोमवार को उक्त चिकित्सक ने एसएनसीयू के सभी स्टाफ सदस्य को अपने ऑफिस में बुलाया। चिकित्सक ने स्टाफ के साथ अभद्रता से बात करते हुए उनकी योग्यता पर सवाल उठाए और उनको बेइज्जत किया गया। स्टाफ नर्सों ने एमएस डा. मनजीत सिंह को सौंपी शिकायत में कहा गया कि यदि स्वास्थ्य विभाग उक्त चिकित्सक के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करता तो स्टाफ नर्सें हड़ताल करने को मजबूर होंगी। गौरतलब है कि 22 नवंबर को एलएनजेपी अस्पताल के एसएनसीयू में ऑक्सीजन देने के लिए इनक्यूबेटर में रखी चार दिन की नवजात बच्ची संदिग्ध परिस्थितियों में झुलस गई थी। जिसको शनिवार को पीजीआई से डिस्चार्ज कर दिया गया। हादसे के बाद परिजनों द्वारा हंगामा करने बाद सीएमओ डॉ सुखबीर सिंह ने इस मामले की जांच करने के लिए एक कमेटी का गठन किया था। जांच कमेटी ने 5 दिसंबर को सिविल सर्जन को रिपोर्ट सौंपी थी, जिसमें एसएनसीयू के मेडिकल ऑफिसर सहित सात अन्य कर्मियों को लापरवाह ठहराया गया था। इस संबंध में लापरवाह माने गए एमओ सहित अन्य स्टाफ नर्सों से स्पष्टीकरण मांगा गया था, जबकि आउटसोर्सिंग के तहत लगे बिजली कर्मी व फायरमैन को सस्पेंड किया गया है। घटनाक्रम के संबंध में एसएनसीयू के स्टाफ ने अपना स्पष्टीकरण तैयार कर चिकित्सा अधीक्षक डा. मनजीत सिंह को सौंप दिया है।
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मामले की जांच कर की जाएगी कार्रवाई: डा. मनजीत
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चिकित्सा अधीक्षक डा. मनजीत सिंह ने कहा कि एसएनसीयू के एमओ सहित अन्य स्टाफ नर्सों ने बाल रोग विशेषज्ञ के खिलाफ शिकायत सौंपी है। इस मामले में जांच करवाई जाएगी। वहीं कमेटी द्वारा नवजात बच्ची के झुलसने के मामले में लापरवाह माने गए सभी कर्मियों ने स्पष्टीकरण सौंप दिया है।