फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हेलमेट को लेकर जागरूक नहीं हो पा रहे स्कूली बच्चे

विज्ञापन
विज्ञापन
हेलमेट को लेकर जागरूक नहीं हो पा रहे स्कूली बच्चे
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र। ट्रैफिक पुलिस की ओर से सरकारी और प्राईवेट स्कूल प्रशासन को निर्देशित किए जाने के बाद भी सड़कों पर स्कूली विद्यार्थी बगैर हेलमेट के घूम रहे हैं। यही नहीं, बगैर हेलमेट डबल, ट्रिपल राइडिंग करते हुए लड़कों के साथ-साथ लड़कियों को भी न अपनी सुरक्षा की परवाह है, न जरूरी कागजातों और न ही अपने परिवार की। माता-पिता और ट्रैफिक पुलिस भी स्कूली बच्चों को बिना हेलमेट के बाइक चलाने पर कंट्रोल करने में बेबस साबित हो रहे हैं।
यातायात पुलिस द्वारा बच्चों पर नजर रखने के लिए स्कूल प्रबंधन को समय-समय पर हिदायतें देने के दावे जरूर किए जा रहे हैं, लेकिन नाबालिग स्कूली बच्चेे ट्रैफिक नियमों को सरेआम धज्जियां उड़ाते हुए दोपहिया वाहनों को इधर-उधर दौड़ा रहे है। आलम ये है कि यदि प्रबंधन, प्रिंसिपल या संचालक बच्चों को स्कूल में वाहन लाने से रोकते हैं तो वे आसपास लगती मार्केट, बैंक परिसर, बस अड्डे तथा अन्य स्थानों पर बाइक खड़ी कर थोड़ी दूर पैदल चलकर स्कूल तक पहुंच जाते हैं। ऐसी चतुराई वाहनों के चोरी होने के खतरे को भी खुलेआम बढ़ावा देती है। हालांकि इसकी जानकारी स्कूल मुखियाओं के अलावा पुलिस विभाग को भी है, लेकिन फिर भी नाबालिग एवं बिना हेलमेट स्कूली बच्चों पर शिकंजा कसने के लिए कोई अभियान नहीं चलाया गया है। बुद्धिजीवियों की मानें तो ट्रेफिक पुलिस और माता-पिता की अनदेखी कभी भी बच्चों की जिंदगी के लिए खतरा है। लिहाजा, नाबालिग स्कूली बच्चों को बाइक चलाने से रोकना चाहिए। बच्चों के बाइक पर हेलमेट न लेने के कारण गंभीर रूप से बच्चों को जख्मी होना पड़ा है। बुद्घिजीवियों की मानें तो लापरवाह बच्चों के माता-पिता का लाड-प्यार और ट्रेफिक पुलिस की नरमी के कारण गंभीर परिणाम सामने आ सकते हैं।
विज्ञापन

बाक्स
स्कूल संचालकों की मीटिंग लेकर दिए थे निर्देश : ट्रैफिक एसएचओ
---------------------------------
ट्रैफिक थाना एसएचओ देवेंद्र कुमार ने कहा कि स्कूली बच्चे बाइक लेकर न चलें और न ही स्कूल लेकर आए। इसके लिए करीब तीन माह पहले स्कूल संचालकों एवं मुखियाओं की मीटिंग ली गई थी। इसमें सख्ती से निर्देश दिए गए थे कि कोई भी स्कूल बच्चों को मोटरसाइकिल, स्कूटी पर न आने दें। स्कूलों में ट्रैफिक नियमों को लेकर जागरूकता शिविर भी लगाए गए। उन्होंने कहा कि वाहन चलाते नाबालिग, बगैर हेलमेट एवं ट्रिपल राइडिंग करने वाले स्कूली बच्चों के खिलाफ जल्द ही अभियान चलाकर एक्शन लेंगे। वाहन चालक को हेलमेट जरूर पहनना चाहिए।
विज्ञापन

बाक्स
स्कूलों पर नियमों का बोझ लादना ठीक नहीं, पुलिस करे कार्रवाई : रोशन लाल
-------------------------
प्रोग्रेसिव स्कूल्स एसोसिएशन कुरुक्षेत्र के प्रधान रोशन लाल गुप्ता ने कहा कि स्कूलों पर तरह-तरह के नियमों का बोझ लादना ठीक नहीं है। पुलिस भी बाइक चलाने वाले बच्चों पर कार्रवाई करे तो जल्दी बेहतर रिजल्ट देखने को मिलेंगे। स्कूल संचालक तो केवल जागरूक ही कर सकते हैं, असली एक्शन तो पुलिस ही लेगी। पुलिस को इस बारे भी सूचित किया गया कि स्कूल के बाहर कुछ दूरी पर एक दिन 50 बाइक खड़ी थी। पुलिस ने कार्रवाई करने की बजाय बच्चों के माता-पिता को बोलने बारे कहा। इनपर नकेल कसने की जिम्मेदारी पुलिस की है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें