फोटो नंबर 15 और 16
-पुलिस बल के साथ नप ने आजाद नगर में हटाया सड़क से अवैध कब्जा
-अवैध रूप से सड़़क पर कब्जा कर रिहायशी इलाके में चल रही थी दूध की डेयरी
-नागरिक अधिकार सुरक्षा समिति के संघर्ष को मिली जीत
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र।
पुलिस बल की मौजूदगी में नगर परिषद थानेसर ने हाईकोर्ट के आदेश पर आजाद नगर की सड़क पर लंबे समय से किये गये अवैध कब्जे को मंगलवार हटा दिया। इस कब्जे को हटाने के लिए नागरिक अधिकार सुरक्षा समिति कल्याण नगर आजाद नगर लंबे समय से संघर्षरत था। आखिरकार मंगलवार को इस संघर्ष की जीत हुई और सड़क से कब्जा हटा दिया गया। संगठन के प्रतिनिधि जेके जैन और पूर्व एक्सईएन एमएस मलिक ने अमर उजाला को बताया कि पिछले करीब एक दशक से उन्होंने सड़क पर हुए इस कब्जे को हटाने के लिए आवाज बुलंद की थी। इसके लिए नागरिक अधिकार सुरक्षा समिति आजाद नगर और कल्याण नगर द्वारा जिला नगर परिषद थानेसर से लेकर डीसी तक कई बार शिकायतें की थी। अमर उजाला में भी इस मामले को उठाया जा चुका है। मलिक ने बताया कि अधिकारियों को शिकायतों के बावजूद सड़क से अधिकारियों द्वारा कब्जा नहीं हटवाया गया,आखिरकार समिति ने 2013 में लंबी थानेसर एसडीएम कोर्ट में यह मामला दायर किया था, जहां फैसला समिति के पक्ष में आया,मगर इसके बावजूद थानेसर एसडीएम अपने ही फैसले को लागू नहीं करा सके और सड़क की 250 गज से ज्यादा जगह पर कब्जा बरकरार रहा। उन्होंने बताया कि इसके बाद यह मामला पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में गया था,यहां भी फैसला समिति के हक में आने के बाद पुलिस बल की मौजूदगी में कब्जे को हटाया गया। उन्होंने बताया कि जिस जगह कब्जा किया या था वहां रिकार्ड के अनुसार 100 फुट की रोड है,लेकिन इस रोड पर ही अवैध रूप से दूध की डेयरी चलाई जा रही थी। हैरत की बात ये है कि जहां रिहायशी इलाकों में डेयरी खोली भी नहीं जा सकती,वहीं उक्त जगह पर सड़क पर अवैध कब्जा करके दूध की डेयरी चलाई जा रही थी और नगर परिषद और जिला प्रशासन इन पर कार्रवाई करने की बजाये हाथ पर हाथ धरे बैठा रहा। जैन और मलिक ने बताया कि सड़क पर कब्जे की वजह से यहां कई बार बड़े हादसे हो चुके हैं। समिति ने हाईकोर्ट का आभार प्रकट करते हुए कहा कि कब्जा हटाने के आदेश के बाद ड्यूटी मैजिस्ट्रेट ईश्वर चंद तहसीलदार,थाना सिटी के एसएचओ संदीप कुमार और नगर परिषद के ईओ बीएन भारती ने नगर परिषद कर्मियों की मदद से सड़क से कब्जा खाली कराया।