कुरुक्षेत्र। ऑनलाइन किए जाने वाले विभिन्न प्रकार के जमीनी इंतकाल कार्य जिले भर में पिछले करीब ढाई माह से ठप पड़े हुए है, जिससे लोगों को धक्के खाने पर मजबूर होना पड़ रहा है तो सरकार को भी अब तक करीब आठ लाख रुपये के राजस्व की चपत लग चुकी है। थानेसर तहसील में ही वर्तमान समय में करीब चार हजार इंतकाल लंबित पड़े हुए है जबकि हर रोज यह फाइलें बढ़ती जा रही है, लेकिन संबधित विभाग द्वारा तैयार किया गया नया साफ्टवेयर काम करने को तैयार नहीं है, जिसके चलते कर्मचारियों को भी पसीना बहाना पड़ रहा है। हालांकि दिन में महज दो से चार इंतकाल होने पर अधिकारी राहत की सांस ले रहे हैं, लेकिन भीषण गर्मी के चलते लोगों को हर रोज तहसील कार्यालय पर दस्तक देनी पड़ रही है जबकि अधिकारियों के पास लंबित पड़े इंतकाल कब तक हो पाएंगे, यह कोई स्टीक जवाब भी नहीं है।
लोगों के बढ़ते दबाव से अब प्रशासनिक अधिकारियों में हलचल मच गई है, जिसके चलते थानेसर में शनिवार व रविवार को दर्जन भर पटवारियों व कंप्यूटर ऑपरेटर की छुट्टियां रद्द कर यह लंबित कार्य निपटाने के आदेश जारी किए गए है। संबंधित कर्मचारियों की मानें तो थानेसर ही नहीं जिला की सभी तहसील में लोगों को इसी हालात का सामना करना पड़ रहा है तो कई अन्य जिलों में भी यही समस्या बनी हुई है। बता दें कि थानेसर तहसील में ही हर रोज विभिन्न प्रकार के करीब 50 इंतकाल होते थे जबकि हर इंतकाल पर सरकारी तौर पर 200 रुपये की फीस भी तय की हुई है। इसके चलते सरकार को पिछले ढाई माह में करीब साढ़े चार लाख रुपये के राजस्व का नुकसान हो चुका है तो लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। यहीं नहीं इंतकाल न होने का असर जमीनी लेन-देन पर भी पड़ रहा है और लोग रजिस्ट्री से पहले इंतकाल करवाए जाने की तस्दीक करवाने लगे हैं।
इंतकाल न होने पर जमीन की लेन देन से लोग इंकार करने लगे हैं। बता दें कि मार्च माह से साफ्टवेयर अपडेट करने का कार्य शुरू किया गया था, जो आज तक भी पूरा नहीं हो पाया है। इसके चलते इंतकाल कार्य पूरी तरह से ठप पड़े हुए है, जिसका झटका लोगों को तहसील कार्यालय में पहुंचने पर लग रहा है। उन्हें मायूसी के साथ लौटने को मजबूर होना पड़ रहा है तो वहीं कब तक यह कार्य पटरी पर लौटेगा, इसका जवाब भी किसी अधिकारी के पास नहीं है।
कार्य सुचारु करने के किए जा रहे प्रयास : सिंगला
डीआईओ विनोद सिंगला का कहना है कि तकनीकी टीम साफ्टवेयर अपडेट कर कार्य सुचारु करने के भरसक प्रयास कर रही है और उम्मीद है कि जल्द ही यह कार्य सामान्य रूप से होने लगेंगे और लोगों को राहत मिल पाएगी।
शनिवार व रविवार को काम करेंगे दर्जन भर पटवारी व कंप्यूटर ऑपरेटर : नायब तहसीलदार
नायब तहसीलदार परमिंद्र सिंह का कहना है कि इंतकाल कार्य के लिए साफ्टवेयर अपडेट किया गया है, जिसमें तकनीकी खामी के चलते इंतकाल नहीं हो पा रहे है। मामले को डीसी डॉ एसएस फुलिया ने गंभीरता से लिया है और उन्होंने छह पटवारी व छह कंप्यूटर ऑपरेटर की शनिवार व रविवार की छुट्टी रद्द कर लंबित कार्य निपटाने के लिए आदेश दिए हैं। इस दौरान जो भी तकनीकी अड़चन आएगी, उससे चंडीगढ़ में तकनीकी टीम से तत्काल ही अवगत कराया जाएगा, ताकि उसी समय उसे दूर किया जा सके। उम्मीद है कि दो दिन में लंबित पड़े अधिकतर इंतकाल दर्ज कर लिए जाएंगे।
10 दिनों से लगातार आ रहे, नहीं हो पाया इंतकाल : अमित
थानेसर तहसील में पहुंचे गांव किरमिच वासी अमित शर्मा ने बताया कि वे अपनी पारिवारिक जमीन के इंतकाल के लिए एक माह से अधिक समय से तहसील कार्यालय में पहुंच रहे है, लेकिन इंतकाल क्यों नहीं किया जा रहा, यह जवाब कोई नहीं दे रहा है। उनके जैसे हर रोज अनेकों लोग बैरंग लौट रहे है।