छछरौली। उपमंडल अभियंता कार्यालय में हर घर तिरंगा अभियान के तहत 34 ग्राम पंचायतों की स्वयं सहायता समूहों की महिला सदस्यों को ट्रेनिंग कराई गई। इस दौरान जिला सलाहकार रजनी गोयल ने कहा कि ओटी किट से पानी के सैंपल की जांच करने का तरीका बताया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य स्वच्छता और पर्याप्तता के लक्ष्यों के साथ जोड़ना है।
उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा सेल्फ हेल्प ग्रुप की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं जिसमें उन्हें अपने ही ग्राम पंचायत में नये पानी और सीवरेज के कनेक्शन ऑनलाइन करना, पानी के सैंपल की ओटी टेस्ट करना इत्यादि शामिल है और इसके एवज में उन्हें निर्धारित प्रोत्साहन राशि भी दी जाएगी।
रजनी ने कहा कि आधी आबादी महिलाएं जल संरक्षण में विशिष्ट भूमिका निभा सकती है। इसलिए सेल्फ हेल्प ग्रुप की महिला सदस्यों को ही यह काम दिया गया है। एक महीने में 25 दिन ओटी टेस्ट का काम करना है और प्रतिदिन 3 पानी के सैंपल की ओटी किट द्वारा जांच की जाएगी। जिसमें एक ट्यूबवेल के पास, एक गांव के मध्य में और एक गांव के अंतिम छोर पर पानी के सैंपल की ओटी किट द्वारा जांच करनी होगी। जिसमें प्रति सैंपल 10 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।