असंध। राधा कृष्ण मंदिर में देवउठनी एकादशी के अवसर पर तुलसी विवाह का आयोजन किया गया। पंडित गोपाल कृष्ण ने कहा कि यह विवाह हर साल कार्तिक मास की शुक्ल पक्ष में एकादशी से पूर्णिमा के बीच मनाया जाता है जोकि भगवान विष्णु और तुलसी के मिलन का प्रतीक है। उन्होंने तुलसी विवाह की कथा सुनाई। कथा के बाद तुलसी व शालिग्राम का विवाह करवाया गया। मंडप बनाकर तुलसी के पौधे को सजा कर शालिग्राम के साथ बैठाया गया। इस मौके पर अमित बजाज, बिल्लू लूंबा, राजरानी बजाज, समीक्षा शर्मा, शैली और पूनम सहित अन्य लोग मौजूद रहे। संवाद