संवाद न्यूज एजेंसी
मूनक। बाल पबाना गांव में शनिवार को एक 22 वर्षीय युवक मोबाइल टावर पर चढ़ गया। 25 घंटे बीतने के बाद युवक को टावर से उतारा गया। सूचना मिलने पर मूनक थाना प्रभारी तरशेम व नायब तहसीलदार राजकुमार भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने दिन भर युवक को समझाने का प्रयास किया, लेकिन पहले तो वह अपने झुलसे हुए चेहरे का इलाज कराने की मांग करता रहा, फिर कभी अमेरिका तो कभी पाकिस्तान भेजने की मांग करने लगा।
इस दौरान प्रशासन के हाथ-पांव फूले रहे। शाम करीब सात बजे युवक टावर से नीचे उतरा। युवक के भाई कुलदीप ने बताया कि वे तीन भाई है। टावर पर चढ़ने वाला भरत उसका सबसे छोटा भाई है। बचपन में स्टोब पर चाय बनाते समय भरत का चेहरा और हाथ पांव झुलस गए थे। इसका इलाज कराने वह कई अस्पतालों में गए, लेकिन डॉक्टरों ने इसका खर्च लाखों में बता दिया। इस कारण उसका इलाज नहीं करा पाए। भरत वेल्डिंग का काम करता है। चेहरा झुलसने के कारण वह परेशान रहता था। इस कारण शनिवार शाम करीब छह बजे गांव पबाना हसनपुर स्थित मोबाइल टावर पर चढ़ गया।
नीचे कूदने की देता था धमकी
टावर पर चढ़े युवक भरत से पुलिस व नायब तहसीलदार ने मोबाइल से संपर्क किया। भाई द्वारा उसके पास पानी भी पहुंचाया गया। जब अन्य लोग उसे उतारने के लिए टावर पर चढ़ते थे तो वह नीचे कूदने की धमकी देता था।
युवक को टावर से नीचे उतारने का पूरा प्रयास किया गया, लेकिन वह बार-बार मांग बदलता रहा, कभी अमेरिका तो कभी पाकिस्तान भेजने की मांग कर रहा था। उसकी इलाज कराने की मांग मान ली है। शाम को टावर से उसे सुरक्षित नीचे उतरा गया।
राजकुमार, नायब तहसीलदार