आजु मिथिला नगरिया निहाल सखियां...
- फोटो : आजु मिथिला नगरिया निहाल सखियां...
करनाल। प्राचीन शिव मंदिर और समस्त ग्रामीण फुसगढ़ की ओर से छठ पूजा मैदान उत्तम नगर में श्रीमद्भागवत कथा आयोजित हुई। देवी नेहा सारस्वत ने कहा कि ज्यादा खुशी भी कभी-कभी गम में बदल जाती है। उन्होंने बताया कि जब श्रीराम की बरात मिथिला नगरी पहुंची तो सीता की सहेलियां गीत गाती हैं, आज मिथिला नगरिया निहाल सखियां, चारों दुल्हा में बड़का कमाल सखियां, शीश मणि मौरिया, कुंडल सोहे कनमा, कारी-कारी कजरारी जुल्मी नयनमा, लाल चंदन सोहे इनके भाल सखियां, चारों दुल्हा में बड़का कमाल सखियां भजन गाकर श्रद्धालु को झूमने पर मजबूर कर दिया।
नेहा सारस्वत ने बताया कि विवाह के बाद श्रीराम और सीता खुशी-खुशी अयोध्या लौट आते हैं। एक दिन जब राजा दशरथ ने अपने सिर से मुकुट उतारा तो उन्हें अपने सफेद बाल दिखाई दिए। यह देखकर उन्होंने तुरंत निर्णय लिया कि अब समय आ गया है कि श्रीराम को राजगद्दी सौंप दी जाए। इसके बाद उन्होंने घोषणा की कि अगले दिन सुबह रामचंद्र को अयोध्या की राजगद्दी पर बैठाया जाएगा। राजा दशरथ की इस घोषणा से अयोध्या नगरी में खुशी की लहर दौड़ गई। सभी लोग श्रीराम के राजा बनने की खबर सुनकर उत्साहित हो उठे और पूरे नगर में उत्सव जैसा माहौल बन गया। इस अवसर पर पार्षद पप्पु लाठर, जगमाल लाठर, कुलविंद्र पूनिया, नवीन पूनिया, सुनील ताठर, अमित पूनिया और अंकित के साथ अन्य श्रद्धालु उपस्थित रहे।