संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। बिजली निगम की ओर से घरों से बाहर मीटर लगाने और नई एक्सईएलपी तारों के लगाने के बावजूद भी बिजली चोरी की घटनाओं पर लगाम नहीं लग पा रही है। बिजली उपभोक्ता चोरी के लिए कोई न कोई नया तरीका ढूंढ लेते हैं। पहले खुली तारों पर कुंडी तो अब इन महंगी व हैवी तारों में कट लगाकर लोग बिजली चोरी कर रहे हैं। उपभोक्ता का घर ट्रांसफार्मर के नजदीक होने पर वह ट्रांसफार्मर से सीधा तार घर में ले जाकर चोरी कर रहा है।
नेवल सब डिवीजन के क्षेत्र में विजिलेंस की टीम की ओर से चार दिन में 25 जगहों की चोरी पकड़ी गई हैं। इन बिजली चोरों पर निगम की ओर से चार लाख 75 हजार जुर्माना भी लगाया गया है। सबसे ज्यादा 12 मामले वसंत विहार से आए हैं। उसके बाद टिकरी से पांच, कैलाश से दो व दनियालपुर से छह मामले पकड़े गए हैं। निगम की ओर से इन सभी बिजली चोरों को नोटिस भी थमा दिए गए हैं। इसमें स्पष्ट लिखा है कि वह जुर्माना राशि एक सप्ताह में भरे नहीं विभागीय कार्रवाई के साथ-साथ पुलिस कार्रवाई भी अमल में लाई जाएगी। बिजली निगम की ओर से बिजली चोरी पकड़ने के लिए अभियान चलाकर काम किया जा रहा है।
शनिवार से ही निगम व विजिलेंस की टीम मिलकर बिजली चोरी पकड़ रही है। वहीं पिछले एक सप्ताह की बात करें तो निगम की चार डिवीजनों से 78 बिजली चोरी के केस पकड़े जा चुके हैं। अभी तक 20 लाख से अधिक का जुर्माना लगाया जा चुका है। इस राशि में करीब सात लाख रुपये की रिकवरी हो चुकी है।
कनेक्शन कटने पर भी लोड कम न होने से हुई कार्रवाई
बिजली निगम की ओर से बिल न भरने वाले डिफाल्टर उपभोक्ताओं के कनेक्शन काट दिए जाते हैं, लेकिन तो भी लोड कम नहीं होता है। इसी कारण से बिजली निगम की ओर से चोरी पकड़ने के लिए अभियान चलाकर काम किया जा रहा है। अब तक बिजली चोरी के करीब 78 केस पकड़े गए हैं, जिन पर करीब 20 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
- नसीब सिंह, अधीक्षण अभियंता, उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम करनाल