गांव स्टौंडी स्थित पावर हाउस में गांव गगसीना की बिजली सप्लाई जोड़ने से
करीब आधा दर्जन गांव के ग्रामीणाें ने पावर हाउस में जमकर बवाल काटा। विरोध
में ग्रामीणों ने प्रदेश सरकार व बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए
एक्सईएन के तबादले की मांग की।
विरोध के दौरान ग्रामीणों ने पुतला जलाया और
अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए। ग्रामीणों ने चेतावनी देते कहा कि अगर उनकी
मांगें नहीं मानी गई तो आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी। पॉवर हाउस में
तैनात कर्मचारियों ने मामले की सूचना उच्चाधिकारियाें को दी। सूचना मिलने
पर बीडीपीओ कुलजीत दहिया व बिजली विभाग के एसडीओ भगवान दास गोयल मौके पर
पहुंचे।
गांव गगसीना के कुछ किसानों ने स्टौंडी के पावर हाउस से
अवैध रूप से कनेक्शन जोड़ देने से लगभग आधा दर्जन गांवों की बिजली सप्लाई
प्रभावित हो गई। इससे ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और सोमवार को गांव
स्टौंडी, फुरलक, रसीन, हसनपुर, उपली, झिवरहेडी के ग्रामीण एकत्रित होकर
स्टौंडी पावर हाउस पर पहुंचे और उन्होंने पावर हाउस में घुसकर सभी गांवों
की बिजली सप्लाई बंद कर दी।
ग्रामीणों ने प्रदेश सरकार व बिजली विभाग के
खिलाफ नारेबाजी करते हुए एक्सईएन का पुतला फूंका और एक्सईएन के तबादले की
मांग को लेकर धरने पर बैठे गए। ग्रामीणों ने बताया कि गांव गगसीना के लगभग
55 किसानों ने अपने ट्यूबवेलों के कनेक्शन अवैध रूप से गांव स्टौंडी के
पावर हाउस पर जोड़ देने से लोड बढ़ गया। उन्होंने बताया कि स्टौंडी पावर
हाउस पर पहले ही ज्यादा लोड था जिस कारण बार-बार बिजली कट लगते थे।
दूसरी
ओर अब अवैध रूप से कनेक्शन जोड़ने से लोड और बढ़ने के कारण लगभग आधा दर्जन
गांवों की बिजली सप्लाई ठप हो गई। बिजली की सप्लाई बंद होने से गांवों में
बिजली व पानी की समस्या पैदा हो गई। उन्होंने कहा कि लगभग पंद्रह दिन पहले
भी गगसीना के किसानों के अवैध रूप से कनेक्शन जोड़ लिए थे।
जिसके
विरोधस्वरूप ग्रामीणों ने पावर हाउस का ताला जड़ दिया था। बिजली विभाग के
अधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर कनेक्शन कटवा दिए थे, लेकिन फिर कनेक्शन
लगा दिए हैं। धरने की सूचना मिलते ही बीडीपीओ कुलजीत दहिया व एसडीओ भगवान
दास गोयल मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझा बुझाकर शांत किया और अवैध
रूप से लगे कनेक्शनों को हटवाया।