संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। बिहार के कटिहार से एक किशोरी को जबरन तरावड़ी लाकर उसकी शादी कराने का प्रयास किया जा रहा था। लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने यह शादी रुकवा दी। इसके बाद किशोरी को कोर्ट में पेश किया गया। जहां किशोरी ने बताया कि वह पहले से शादीशुदा है और अपने पति के पास जाना चाहती है। किशोरी मूलरूप से पश्चिम बंगाल की रहने वाली है, जो कि घर में झगड़े के बाद सोनीपत में रहने वाली अपनी बहन के पास आ रही थी। जिसे बिहार के दो युवक जबरन करनाल ले आए थे। किशोरी ने बताया कि आरोपी युवक उसे पंजाब में दो लाख रुपये में बेचने की बात कर रहे थे। पुलिस यह मानव तस्करी का मामला है या कुछ और इसकी जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार 17 वर्षीय किशोरी एक महीने पहले बिहार से सोनीपत आ रही थी। कटिहार रेलवे स्टेशन पर उसे विकास और मीरा दो युवक मिले। वे उसे पंजाब ले जाने की बात करने लगे। उसने विरोध किया तो मारपीट कर धमकाने लगे। किशोरी के जब पुलिस ने सीडब्ल्यूसी से बयान कराए तो बताया कि आरोपी युवक उसे पंजाब में बेचना चाहते थे। बाद में तरावड़ी लेकर आ गए। चार मार्च को आरोपी चंदनखेड़ा गांव में उसकी किसी व्यक्ति के साथ जबरन शादी करवा रहे थे। जहां पुलिस ने पहुंचकर शादी को रुकवा दिया। अब किशोरी ने कोर्ट में बयान दिए हैं कि वह अपने घर जाना चाहती है, क्योंकि उसकी पहले से ही बंगाल में शादी हो चुकी है। वह अपने पति के साथ रहना चाहती है। पुलिस मामले की तफ्तीश में जुटी है।
तरावड़ी थाना प्रभारी संदीप कुमार का कहना है कि पश्चिम बंगाल की किशोरी को बिहार के रहने वाले युवक कटिहार रेलवे स्टेशन से लेकर आए थे। उन्होंने एक महीने पहले चंदनखेड़ा गांव में उसकी एक व्यक्ति से जबरन शादी करवाने का प्रयास किया। कोर्ट में बयान के बाद किशोरी घर जाना चाहती है, क्योंकि उसकी पहले ही शादी हो चुकी है। यह मानव तस्करी है या कुछ और इसकी तफ्तीश की जा रही है।