तीन संपत्ति धारकों ने 9.20 लाख रुपये का कर जमा कराया, दो प्रतिष्ठानों की सील खोली
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। नगर निगम की कुर्की की कार्रवाई एक दिन चलकर ही ठप हो गई। वीरवार को निगम ने बकायेदारों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। हालांकि तीन बकायेदारों ने निगम कार्यालय आकर अपनी बकाया राशि जमा की। इनमें दो संपत्तिधारक ऐसे थे, जिनके प्रतिष्ठानों को सील किया गया था। उनकी सील को धन जमा होने के बाद खोल दिया गया।
नगर निगम ने मंगलवार को ड्यूटी मैजिस्ट्रेट व पुलिस बल के साथ कुर्की की कार्रवाई शुरू की थी, सात संपत्तियों को सील भी किया था। छह लोगों ने मौके पर बकाया राशि जमा कर दी थी लेकिन बुधवार को निगम की टीमें कार्रवाई के लिए बाहर नहीं निकली। जिनकी संपत्ति को सील किया गया था, उन मालिकों ने सात लाख 66 हजार रुपये बकाया संपत्ति कर जमा कराया।
नगर निगम आयुक्त डॉ. वैशाली शर्मा ने बताया कि अस्पताल चौक स्थित बीकानेर भोजनालय ने तीन लाख 88 हजार रुपये तथा सेक्टर-7 स्थित एससीओ. मालिक ने तीन लाख 78 हजार रुपये बकाया कर का भुगतान कर दिया गया है। इन दोनों की सील खोल दी गई है। इसके अतिरिक्त नेशनल हाईवे-44 स्थित मयूर ढाबा के पास इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप मालिक ने कुर्की की कार्रवाई से बचने के लिए एक लाख 54 हजार रुपये संपत्ति कर का भुगतान किया गया है। कुल नौ लाख 20 हजार रुपये संपत्ति कर जमा हुआ है। उन्होंने बताया कि डिफाल्टर संपत्ति धारकों को पहले से ही नोटिस जारी किए जा चुके हैं। अब कार्रवाई की बारी है। कुर्की की अगली कार्रवाई में निजी स्कूल, कोचिंग सेंटर व अस्पताल इत्यादि वाणिज्यिक संस्थानों को शामिल किया गया है।