करनाल। नए जमाने की युवतियां पढ़ाई के साथ अपने हुनर को रोजगार का जरिया बना रही हैं। इन युवतियों ने अपने छोटे-छोटे स्टार्टअप शुरू किए हैं। कोई हैंडमेड आर्ट से कस्टमाइज्ड फोटो फ्रेम तैयार कर रही है तो कोई सजावटी और गिफ्ट आइटम बनाकर उन्हें ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से ग्राहकों तक पहुंचा रही है।
सोशल मीडिया इनके लिए दुकान के साथ-साथ प्रचार और ग्राहक जोड़ने का माध्यम भी है। त्योहारों और शादी के सीजन में कारोबार और बढ़ गया है। कॉलेज की ये युवतियां पढ़ाई के साथ अपना खर्च और कॉलेज की फीस निकालने के लिए स्टार्टअप संचालित कर आत्मनिर्भर बन रही हैं।
कॉलेज से शुरू किया स्टार्टअप
26 वर्षीय अनु सिंह पिछले चार साल से हस्तनिर्मित उत्पादों का काम कर रही हैं। उन्होंने बताया कि पढ़ाई के साथ ही स्टार्टअप की शुरुआत की थी। सबसे पहले सेंटेड कैंडल बनाई थी। धीरे-धीरे कॉलेज में उत्पादों को कार्यशाला में दिखाना शुरू किया। कॉलेज से मिले मार्गदर्शन के बाद उन्होंने स्टार्टअप को आगे बढ़ाया। वर्तमान में वह गिफ्ट हैंपर, चॉकलेट बुके, पिक्चर मैगजीन, रेज़िन फ्रेम और विशेष रूप से वरमाला का रेज़िन फ्रेम ऑर्डर पर तैयार कर रही हैं। अनु बीएससी तृतीय वर्ष की छात्रा हैं।
इस त्योहार और शादी सीजन के लिए उनके पास करीब 25 ऑर्डर आ चुके हैं। उन्होंने बताया कि इस सीजन में करीब 15 हजार रुपये तक की आमदनी हो जाती है, जिससे वह अपना खर्च निकालने में सक्षम हैं। वह उत्पादों को छह से सात दिनों के अंदर तैयार कर ग्राहकों तक पहुंचा देती हैं। अन्य जिलों और महाविद्यालयों में अपने स्टार्टअप की स्टॉल लगाने के लिए भी जाती हैं।
ट्रेंड के अनुसार बदलती हैं उत्पाद
24 वर्षीय नैंसी पिछले करीब तीन साल से ऑनलाइन स्टार्टअप चला रही हैं। पढ़ाई के साथ वह करीब 15 से 20 प्रकार के हैंडमेड और कस्टमाइज्ड उत्पाद तैयार करती हैं। शादी के सीजन को देखते हुए इस समय उनका फोकस वरमाला रेज़िन फ्रेम, कस्टमाइज्ड फोटो फ्रेम और आर्ट वर्क पर है। नैंसी के पिता मजदूरी करते हैं। ऐसे में अपने खर्च और कॉलेज की फीस के लिए उन्होंने पढ़ाई के साथ छोटे स्तर पर स्टार्टअप शुरू किया। वर्तमान में वह द्वितीय वर्ष की छात्रा हैं।
करवाचौथ के लिए विशेष : उन्होंने बताया कि इस करवाचौथ के लिए विशेष रूप से उत्पाद तैयार कर रही हैं। त्योहार सीजन में लगभग 10 हजार रुपये तक की आमदनी हो जाती है। इस बार की आमदनी से वह पढ़ाई के लिए लैपटॉप खरीदेंगी, जिसके लिए वह मेहनत कर रही हैं।