- पुलिस ने शिकायतकर्ता को सबूत देने का समय दिया
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। रिटायर्ड फौजी एवं एसपीओ पर लाइसेंसी पिस्ताैल दिखाकर जान से मारने की धमकी देने का आरोप है। यह वारदात गगसीना गांव में 2 मार्च को भगत सिंह चौक के पास चौपाल में गांव के ही युवक विकास के साथ हुई। उनके पिता कुलदीप ने इसकी शिकायत मूनक थाना पुलिस को दी है। पुलिस का कहना है कि चौपाल के सीसीटीवी फुटेज की शुरुआती जांच में पिस्तौल दिखाई नहीं दे रही है। पुलिस ने शिकायतकर्ता को फुटेज उपलब्ध करवाकर सबूत देने के लिए समय दिया है।
कुलदीप ने शिकायत दी कि 2 मार्च को उनका बेटा विकास भगत सिंह चाैक के पास स्थित चाैपाल में काम से गया था। उसी समय रिटायर्ड फौजी एवं एसपीओ अरुण लाइसेंसी पिस्तौल लेकर वहीं पहुंच गया। आरोप है कि अरुण ने विकास से कहा कि उसे उसके (अरुण के) भाई को जान से मारना था, लेकिन अब वह उसे ही मार देगा। इससे विकास घबराकर वह वहां से भाग गया। आरोप है कि दूसरे पक्ष की ओर से चाैपाल में लगे सीसीटीवी फुटेज की रिकाॅर्डिंग को नष्ट करने का प्रयास किया जा रहा है। शिकायतकर्ता ने पुलिस से मांग की है कि चौपाल में लगे कैमरों की रिकॉर्डिंग की जांच करते हुए एसपीओ के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करके गिरफ्तारी की जाए। मूनक थाना प्रभारी बृजपाल ने बताया कि अगर जांच में कोई पुख्ता सबूत सामने आएगा तो उसी के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।