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स्मार्ट सिटी स्टेज-2 : टॉक शो रहा फ्लाप

Tue, 17 May 2016 11:59 PM IST
ब्यूरो/करनाल,अमर उजाला
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पिछले साल 20 स्मार्ट सिटी की दौड़ में पीछे रहने के बाद करनाल ने एक बार फिर से इस साल के लिए टॉप स्मार्ट शहरों की सूची में आने के लिए जद्दोजहद शुरू कर दी है। हालांकि, नगर निगम द्वारा स्मार्ट सिटी स्टेज-2 के लिए शुरुआत मेें ही सुझाव लेने के लिए कराया गया टॉक शो, फ्लाप शो रहा। न तो शो में पूरे पार्षद पहुंचे और सभी समाजसेवी व जागरूक संस्थाएं। इससे भी बड़ी बात यह रही कि न सुझावों के स्थान पर लोगों ने अपनी शिकायतें ही दोहराई हैं। वहीं, निगम के अधिकारी और पदाधिकारी भी लोगों को समझाने में कामयाब नहीं हो सके। इसके अलावा, पंचायत भवन के हॉल में काफी संख्या में कुर्सियां भी खाली रही और कुछ बुद्धिजीवी लोग तो शो के बीच में ही अपना स्थान छोड़कर बाहर चले गए।
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बता दें कि पिछले साल करनाल ने 20 स्मार्ट सिटी की सूची में शामिल होने के दावा किया था और अपना प्रोजेक्ट बनाकर केंद्र सरकार के पास भेजा था, लेकिन करनाल का स्थान 66वां आया था। अब इस साल के लिए दोबारा से नगर निगम ने शेष स्मार्ट शहरों की सूची में शामिल होने के लिए प्रयास शुरू किया है। मंगलवार को इसकी शुरुआत पंचायत भवन में स्मार्ट सिटी टाक शो के माध्यम से की गई। दोपहर बाद तीन बजे से चार बजे तक चले इस टाक शो में शिक्षक, सामाजिक संस्थाओं व व्यापारिक संस्थाओं के सदस्यों ने हिस्सा लिया। शो को मुख्य उद्देश्य यह था कि आखिर इस बार नगर निगम करनाल किस तरह का प्रपोजल बनाए, ताकि उसका दावा अन्य शहरों से मजबूत हो सके। सबसे पहले, निगम की आयुक्त सुमेधा कटारिया ने पिछले साल का प्रपोजल शो में रखा और स्मार्ट सिटी के बारे में बताया।

समस्या ज्यादा, सुझाव कम
इसके बाद शुरू हुए सवाल और जवाब। करीब आधे घंटे तक चले सवाल जवाब में न शहरवासियों ने कोई खासी रुचि नहीं दिखाई। हालांकि, शो में पहले से ही बताया गया था कि इसमें शहर को और अच्छा बनाने के लिए सुझाव दें, लेकिन पूरे कार्यक्रम के दौरान लोग निगम व प्रशासन की शिकायतें ही करते नजर आए। सेक्टर 4 के वीरेंद्र शर्मा ने नमस्ते चौक पर पड़ी गंदगी के बारे में समस्या रखी और यहां पर सफाई कराके ग्रीनरी लगाने का सुझाव दिया। इसी प्रकार, लेक्चर विनोद बांगड़ ने बिजली गुल होने की पूर्व सूचना होने की बात कही। शिक्षक संजय कुमार ने शहर में निगम और हुडा की खाली पड़ी जगह पर पौधे लगाए जाने का सुझाव दिया। बसंत विहार के एक युवक ने बताया कि इस क्षेत्र में कोई सरकारी स्कूल नहीं है, ऐसे में बच्चों को परेशानी उठानी पड़ती है। यहां पर स्कूल खोला जाए। उद्योगपति रूपनारायण चानना ने कहा कि शहर स्मार्ट तब बनेगा, जब हम स्मार्ट बनेंगे।
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राजीव कुमार ने शहर की टूटी सड़कों की समस्या रखी और सड़क निर्माण कराने की मांग की। वहीं, महिला निर्मला ने शहर में बच्चियों के साथ हो रही छेड़छाड़ घटनाओं पर चिंता जताई और सुरक्षा पुख्ता करने की बात रखी। नरेंद्र सिंह ने सेक्टर चार के नाले की समस्या रखी और यह भी कहा कि बैठक में डीसी और एसपी को भी होना चाहिए था, ताकि समस्याओं का निपटारा हो सके। शहर में पानी की वेस्टेज पर सीनियर सिटीजन ने बात रखी, लेकिन इसका समाधान नहीं बता पाए। हालांकि, अन्य सदस्यों ने पानी बर्बाद करने वालों पर भारी जुर्माना करने की बात कही। इन्हीं के साथ राज सिंह ने लोगों द्वारा घरों के बाहर बनाए गए रैंप की समस्या बताई और इन्हें उखाड़ने की अपील की, ताकि सड़कें चौड़ी हो सकें।

एक सीनियर सिटीजन ने निगम की शिकायत करते हुए बताया कि लोग खुले में शोच जा रहे हैं, लेकिन निगम कोई ठोस जागरूकता कार्यक्रम नहीं चला पा रहा है। शहर स्मार्ट तब होगा जब सफाई होगी। शो के दौरान बार बार मंच से लोगों से आह्वान करते रहे कि समस्याएं नहीं सुझाव दें, बावजूद इसके समस्याएं ही चलती रही। इस दौरान निगम की आयुक्त ने लोगों के सवालों के जवाब भी दिए और आश्वासन दिया कि उनकी समस्याएं नोट कर ली गई हैं। इसके बाद निगम की ओर से पब्लिक से जनरल नालेज के सवाल भी पूछे गए।

पानी तो पिला दो तभी तो सुझाव देंगे
जैसे ही टॉक शो शुरू हुआ तो एक सीनियर सिटीजन ने यह कहकर अधिकारियों के पसीने छुड़ा दिए कि सूखे लबों से हम कैसे सुझाव देंगे, कम से पानी तो पिला तो इतनी गर्मी है। इस पर आनन फानन में निगम के कर्मचारी सीनियर सिटीजन के लिए पानी को बोतल लेकर पहुंचे। हालांकि, इस पर निगम की आयुक्त ने कहा कि पानी की व्यवस्था हॉल से बाहर की गई है, अव्यवस्था न फैले, इसलिए पानी की बोतलें अंदर नहीं दी गई। इसी दौरान दो बार हॉल में बिजली गुल हो गई। इससे भी लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
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टॉक शो लाइव की झलकियां
- दो बार बिजली हुई गुल
- पानी के लिए तरसे सीनियर सिटीजन
- हाल में कुर्सियां रही खाली, कुछ लोग बीच में ही उठकर चले गए
- पार्षदों की संख्या आधे से भी कम रही
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