संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। प्रदेश सरकार की ओर से मंत्रिमंडल की बैठक में जब से राज्य के एमआइटीसी कर्मचारियों को रिटायर्ड कर्मचारी पेंशन देने की घोषणा की गई है, इसके बाद से प्रदेशभर के जिलों में जिला समाज कल्याण विभाग से एनओसी यानी अनापत्ति प्रमाणपत्र लेने के लिए सेवानिवृत्त कर्मचारियों की कतारें लग रही हैं। कई जिलों में तो इन कर्मचारियों को एनओसी आसानी से दी जा रही है, लेकिन करनाल में सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लिए यह एनओसी परेशानी बनी है।
सेवानिवृत्त कर्मचारी बलबीर, कुंदन लाल व मेहता राम का कहना है कि उन्हें करीब एक माह तक चक्कर कटवाने के बाद विभाग की ओर से एनओसी दी गई है। अभी भी ऐसे कई पुरुष व महिला खिलाड़ी हैं जिन्हें विभाग की ओर से एनओसी दी जानी है। जिन कर्मचारियों ने समाज कल्याण विभाग से पेंशन ली है वह जिला कोषागार (ट्रेजरी) में उनके द्वारा ली गई बुढ़ापा पेंशन की राशि को एकमुश्त राशि में जमा करवा रहे हैं।
इस राशि से समाज कल्याण विभाग का रेवेन्यू भी बढ़ रहा है फिर भी विभाग के कर्मचारी एमआइटीसी कर्मचारियों को एनओसी देने में कोताही बरत रहे हैं। उनका कहना है कि करनाल के समाज कल्याण विभाग की ओर से इस कार्य के लिए केवल एक ही अनुबंधित कर्मचारी की ड्यूटी लगाई गई है जो कि इन सेवानिवृत्त कर्मचारियों से बुढ़ापा पेंशन की रिकवरी की जमा करवाई गई राशि व ऐसे कर्मचारियों की संख्या का ब्योरा भी रखता है। इसके कार्य के अतिरिक्त उसी कर्मचारी को करनाल ग्रामीण व शहरी का चार्ज भी दिया गया है। उसके सप्ताह में दो दिन खंडों में भ्रमण के निकल जाते हैं। ऐसे में सेवानिवृत्त कर्मचारी बार-बार चक्कर लगाने को मजबूर हैं।
राज्य के पूर्व कर्मचारी जिनके विभाग में मर्ज हुए हैं, उनके लिए पेंशन का प्रावधान किया गया है। ऐसे सभी पूर्व कर्मचारियों को छह से 20 हजार रुपये तक दिए जाएंगे।
पूर्व कर्मचारियों में एचएसएमआइटीसी, कॉनफैड, हरियाणा मिनरल्स लिमिटेड और जिन विभागों का विलय किया गया है उनके सभी कर्मचारी शामिल हैं। इन कर्मचारियों के लिए हरियाणा पेंशन बहाली संघर्ष समिति की ओर से लगातार तीन साल से प्रदेश के कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन नीति की बहाली की मांग उठाई जा रही थी। अब उन सभी समायोजित कर्मचारियों को निश्चित पुरानी पेंशन नीति का लाभ देने को लेकर वित्त विभाग की ओर से पत्र जारी कर दिया है।
इसमें ग्रुप डी के कर्मचारियों के लिए छह हजार रुपए, ग्रुप सी के कर्मचारियों के लिए 12 हजार, ग्रुप बी के कर्मचारियों के लिए 16 हजार और ग्रुप ए के कर्मचारियों के लिए 20 हजार रुपए पेंशन का प्रावधान किया गया है।
सभी कर्मचारियों के एनओसी जमा होने पर ही जारी होगी पेंशन
सेवानिवृत्त एमआइटीसी कर्मचारियों का कहना है कि प्रदेशभर के सभी कर्मचारियों के एनओसी पंचकूला में सिंचाई विभाग के मुख्यालय में जमा होने हैं। जब तक विभाग को सभी कर्मचारियों के एनओसी नहीं मिल जाते, तब तक विभाग की ओर से इन कर्मचारियों को पेंशन नहीं जारी की जाएगी।