सेक्टर 12 स्थित राजीव गांधी विद्युत सदन में आल हरियाणा पावर कार्पोरेशन वर्कर्ज यूनियन ने अपनी मांगों को लेकर सरकार और निगम के खिलाफ नारेबाजी कर अपना विरोध प्रकट किया। बैठक की अध्यक्षता अव्वल सिंह और संचालन सुशील गुर्जर ने किया। यूनियन के वरिष्ठ उपप्रधान एनपी सिंह चौहान और नफे चौहान ने कहा कि समान काम, समान वेतन की मांग को लेकर हजारों कच्चे और पक्के कर्मचारी 27 नवंबर को करनाल में प्रदर्शन करेंगे। कर्मचारी नेताओं ने बताया कि सर्व कर्मचारी संघ के बैनर तले होने वाले इस विशाल प्रदर्शन में बिजली कर्मचारी बड़ी संख्या में शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने की मांग की सरकार लगातार अनदेखी कर रही है, जबकि चुनावी घोषणा पत्र में एक कलम से इन कर्मचारियों को पक्का करने का वायदा किया गया था। अव्वल सिंह व सुशील गुर्जर ने कहा कि 11 दिसंबर को सर्व कर्मचारी संघ जींद में प्रदेश स्तरीय रैली करेगा। रैली में सातवें वेतन आयोग और कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने की मांग को उठाया जाएगा। बैठक में अशोक पांचाल, राजिंद्र राणा, सुभाष सेन, रमेश शर्मा, संजीव आनंद ने कर्मचारियों को संबोधित किया। इस मौके पर सोहनलाल सैनी, प्रमोद राणा, विनोद, रूपचंद, पवन, विक्रम, सन्नी चौधरी, वीरभान व जोगिंद्र समेत बड़ी संख्या में कर्मचारी मौजूद रहे।
वेतन की मांग को लेकर आईसीडीएस सुपरवाइजर्स ने किया प्रदर्शन
करनाल। सर्व कर्मचारी संघ से संबंधित आईसीडीएस सुपरवाइजर्स वेलफेयर एसोसिएशन जिला कार्यकारिणी की बैठक जिला प्रधान नीलम कांबोज की अध्यक्षता में हुई। बैठक का संचालन विनीता पंवार ने किया। बैठक में विभाग की ओर से बिना कारण सुपरवाइजर्स का पिछले तीन माह का वेतन रोके जाने पर गहरा रोष व्यक्त किया। बैठक को संबोधित करते हुए नीलम कांबोज ने कहा कि विभाग द्वारा सभी सुपरवाइजर्स का अगस्त, सितंबर और अक्तूबर माह का वेतन बायोमैट्रिक मशीन पर हाजिरी न लगाने का बहाना बनाकर रोक लिया गया। उन्होंने कहा कि वेतन न मिलने के कारण सभी सुपरवाइजर्स के परिवार आर्थिक तंगी का सामना कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि विभाग के अधिकारियों द्वारा भी मशीन पर हाजिरी नहीं लगाई जाती, लेकिन उनका वेतन कभी नही रोका जाता। उन्होंने कहा कि 25 नवंबर को सभी सीडीपीओ को ज्ञापन दिए जाएंगे और 28 नवंबर को डीसी को ज्ञापन सौंपा जाएगा। उन्होंने कहा कि 11 दिसंबर को होने वाली सर्वकर्मचारी संघ की रैली में सुपरवाइजर्स बढ़चढ़ कर हिस्सा लेगी। इस दौरान ओमप्रकाश सिंहमार, सहसचिव सुशील गुर्जर, कंचन, अनीता, मीना रतन, गुरजीत, संतोष, मीनाक्षी, सुनीता व कृष्णा आदि मौजूद रही।
1. कर्मशाला में तुरंत प्रभाव से भर्ती की जाए।
2. 1993 से 2014 तक लगे सभी चालकों, परिचालकों को नियुक्ति तिथि से पक्का किया जाए।
3. रोडवेज में नई बसें शामिल की जाएं।
4. चालकों-परिचालकों के रिक्त पड़े पदों पर भर्ती की जाए।
5. निजीकरण और आउट सोर्सिंग बंद करे।
6. ठेका प्रथा बंद करें, ठेका प्रथा पर लगे सभी कर्मचारी पक्के किए जाए।
7. बोनस की स्थायी पॉलिसी बनाई जाए।
8. कंप्यूटर ऑपरेटर नियमित किए जाए।