कुरुक्षेत्र जिला प्रशासन ने नए साल में लोगों की समस्याओं और शिकायतों को निर्धारित समय में निपटाने तथा अधिकारियों को अपनी ड्यूटी के प्रति पूरी तरह जवाबदेह बनाने के लिए सांझी पहल नामक कार्यक्रम की पहल की है।
इस कार्यक्रम के तहत हर वीरवार को स्थानीय लघु सचिवालय में सभी विभागों के उच्चाधिकारियों की उपस्थिति में जनता की समस्याओं का समाधान मौके पर होगा। इसके तहत अधिकारियों को 30 दिन के अंदर समस्या का समाधान करना होगा। यदि कोई अधिकारी निर्धारित समय सीमा में समस्या का निपटारा नहीं करता है तो उसे कारण बताओ नोटिस जारी किया जाएगा।
डीसी ने बताया कि हर वीरवार को सुबह 10 बजे अधिकारियों को भेजी गई शिकायतों के समाधान पर बैठक होगी और 11 बजे से सांझी पहल के तहत शिकायतों को आनलाइन दर्ज कर समाधान का काम शुरू कर दिया जाएगा।
लघु सचिवालय में आयोजित बैठक में अधिकारियों को संबोधित करते हुए डीसी निखिल गजराज ने कहा कि इस पहल के जरिये अब अधिकारी अधूरी या झूठी जानकारी नहीं दे सकेगा। संबंधित विभागों के अधिकारी आनलाइन समस्या के निपटान की जानकारी डालेंगे, जिसे पासवर्ड और यूजर नेम के साथ उपलब्ध करवाया गया है।
डीसी ने मुताबिक, लोगों की शिकायतों की मूल प्रति भी शिकायत नंबर सहित संबंधित विभागों के अधिकारियों के कंप्यूटर पर उपलब्ध होगी। इतना ही नहीं जिले के लोग अपनी समस्याओं के समाधान के लिए हेल्पलाइन नंबर 1800-180-1744 कॉल कर सकते हैं।
इसके अलावा एसएमएस सुविधा के तहत अपने मैसेज बाक्स में सीसीएमएस जीआइएस तथा शिकायत नंबर लिखकर 92151-56503 पर संदेश भेज कर भी अपनी शिकायत के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने अधिकारियों को यह निर्देश दिए की सभी अधिकारी प्रतिदिन अपने कार्यालयों में 11 बजे से 12 बजे तक लोगों की समस्याओं का समाधान करेंगे और डीसी आफिस में रिपोर्ट भेजेंगे।
गजराज ने बैठक में उपस्थित जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए की वे निर्धारित कार्यक्रम के तहत स्कूलों में जाकर मिड-डे मील और शौचालय सफाई इत्यादि की चेकिंग करें और यह भी सुनिश्चित करे की मिड-डे मील प्रतिदिन मुख्याध्यापक द्वारा चेक किया जाए। गांव में खुर्दे हटवाने के विषय पर उन्होंने डीईटीसी बिमला चौहान को निर्देश दिए तथा कहा कि जिन गांवों में खुर्दे चलाए जा रहे हैं, उन्हें तुरंत हटवाया जाए। इस पर चौहान ने कहा कि कई अवैध खुर्दे हटाकर उन पर जुर्माना भी किया गया है।
मौके पर एडीसी यश गर्ग, एसडीएम अशोक बांसल, शाहाबाद के एसडीएम राजेश कुमार, एसडीएम पिहोवा एचसी भाटिया, आरटीए डा. सुशील कुमार, डीआईपीआरओ धर्मवीर सिंह, डीआईओ विनोद सिंगला, सीएमओ शिव कुमार, डीएसपी निर्मल सिंह, पीओआईसीडीएस गुरविंद्र कौर, डीईटीसी सुधीर शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
ये आदेश दिए
- शाहाबाद के एसडीएम राजेश कुमार बराड़ा चौक में पंचायती भूमि से शराब के ठेके हटाएं।
-आरटीए सुशील कुमार वाहनों के रिफ्लेक्टर टेप, प्रदूषण प्रमाण पत्र और ओवर लोड की जांच करें।
-रोडवेज के जीएम बसों की छतों पर सवारियों को न बैठने दें।
-डीएसपी निर्मल सिंह जरूरत पड़ने पर विभागों को तुरंत पुलिस उपलब्ध करवाएं।
ई कचरे का पर्यावरण पर जहरीला प्रभाव
बैठक में ई-वेस्ट संबंधी विषय में हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी जेपी सिंह ने कहा कि मशीनी उपकरणों को बनाने के लिए कई प्रकार के जहरीले पदार्थों को प्रयोग किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि खराब हो चुके लैपटॉप, कंप्यूटर, मोबाइल, फोटोस्टेट मशीनों के खराब होने के बाद इनसे पर्यावरण प्रदूषित होने का खतरा है।
विनोद सिंगला को नोडल अधिकारी बनाया
डीसी ने बताया कि इस संदर्भ में 2012 में नियम लागू किए गए थे। इन को डिस्पोज ऑफ करने के लिए विभाग इन्हें स्टोर कर ले और इनका रिकार्ड भी रखें तथा हॉरट्रोन को पत्र लिख दे। ई-वेस्ट के लिए डीआईओ विनोद सिंगला को नोडल अधिकारी बनाया गया है।
आनलाइन दर्ज हुईं 19 शिकायतें
सांझी पहल कार्यक्रम में वीरवार को 19 शिकायतें आईं, जिन्हें आनलाइन दर्ज किया गया। पहली शिकायत डीसीडब्लयूओ से संबंधित थी। इसके बाद एसडीएम थानेसर, एक्सईन पब्लिक हेल्थ, एडीसी, खाद्य एवं आपूर्ति विभाग, सिविल सर्जन, जिला शिक्षा अधिकारी तथा डीएसडब्लयूओ से संबंधित कुल 19 शिकायतें दर्ज की गई। इस दौरान डीसी ने मौके पर उपस्थित अधिकारियों को समस्याओं के समाधान के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी कहा कि समस्याओं का समाधान 15 दिन के अंदर किया जाए और रिपोर्ट डीसी को भेजी जाए।