संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। कुलतारण गांव की युवा मुक्केबाज पायल अपनी मेहनत और संघर्ष के दम पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना चुकी हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने यह साबित कर दिया है कि मजबूत इरादों के साथ कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
पायल आरकेएसडी कॉलेज में बीएससी स्पोर्ट्स प्रथम वर्ष की छात्रा हैं। उनके पिता रामकुमार मिस्त्री का कार्य करते हैं और परिवार की आर्थिक स्थिति साधारण है। परिवार में छह बहनें और एक भाई होने के बावजूद उनके सपनों को कभी सीमित नहीं किया गया।
पायल ने करीब 10-11 वर्ष की आयु में बॉक्सिंग की शुरुआत की थी। वह रोजाना दो समय में 2 से 3 घंटे तक कड़ा अभ्यास करती हैं। उनका प्रारंभिक प्रशिक्षण कोच अमरजीत के मार्गदर्शन में कैथल के सर छोटू राम इंडोर स्टेडियम में हुआ। पायल की सफलता के पीछे उनके कोच, परिवार और उनकी अपनी कड़ी मेहनत का अहम योगदान है।
उपलब्धियां
वर्ष 2023 में आर्मेनिया में आयोजित जूनियर वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप में 48 किलोग्राम वर्ग में स्वर्ण पदक जीता।
वर्ष 2024 में अबू धाबी में आयोजित जूनियर एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप में भी स्वर्ण पदक हासिल किया।
वर्ष 2023 और 2024 की जूनियर नेशनल बॉक्सिंग चैंपियनशिप में लगातार स्वर्ण पदक जीते।
वर्ष 2022 में सब-जूनियर नेशनल प्रतियोगिता में भी स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
हरियाणा राज्य स्तर पर 2022 में सब-जूनियर तथा 2023 और 2024 में जूनियर वर्ग में चैंपियन बनीं।
वर्ष 2026 में आयरलैंड ट्रेनिंग टूर के लिए चयनित, जहां अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और निखार का अवसर मिलेगा।