फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Karnal News: खेतों में नैनो यूरिया का ड्रोन से कराया जाएगा स्प्रे

विज्ञापन
विज्ञापन
- करनाल जिले में 7000 एकड़ खेतों में स्प्रे कराने का लक्ष्य, किसानों को कराना होगा पंजीकरण
विज्ञापन

- किसानों को सिर्फ 100 रुपये प्रति एकड़ देना होगा, शेष खर्च हरियाणा सरकार वहन करेगी

माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। रबी सीजन में किसानों से सिर्फ 100 रुपये प्रति एकड़ लेकर सरकार अपने खर्चे पर खेतों में नैनो यूरिया का ड्रोन स्प्रे कराएगी। सरकार ने करनाल जिले में 7000 एकड़ सहित राज्यभर में एक लाख एकड़ में स्प्रे कराने का निर्णय लिया है। ताकि किसानों तक नई तकनीक पहुंच सके। इसका लाभ उठाने के लिए किसानों को मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण कराना आवश्यक होगा। इसे लेकर वीरवार को लघु सचिवालय में कृषि व इफको के अधिकारियों के साथ बैठक भी ली गई।
उपायुक्त अनीश यादव की मौजूदगी में उप निदेशक (कृषि) डॉ. वजीर सिंह ने बताया कि जिला करनाल में नैनो यूरिया को बढ़ावा देने के लिए व अंधाधुंध उर्वरकों के इस्तेमाल को रोकने के लिए हरियाणा सरकार द्वारा विस्तरित कार्य योजना तैयार की गई है। जिसके तहत ड्रोन के माध्यम से जिले में रबी सीजन के दौरान सात हजार एकड़ में नैनो यूरिया का छिड़काव इच्छुक किसानों के खेतों में किया जाएगा। इसमें किसान से 100 रुपये प्रति बोतल, प्रति एकड़ लिया जाएगा। शेष पूरा खर्च सरकार वहन करेगी।
विज्ञापन

इसका लाभ लेने के लिए सर्वप्रथम किसान को मेरी फसल, मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण करवाना अनिवार्य है। इफको के वरिष्ठ क्षेत्रीय प्रबंधक डॉ. निरंजन सिंह ने बताया कि करीब 400 रुपये स्प्रे खर्च है और 200 रुपये की नैनो यूरिया की बोतल है। कुल खर्च करीब 625 रुपये में से किसान को सिर्फ 100 रुपये ही देने होंगे। उन्होंने नैनो यूरिया पूर्ण स्वदेशी है, परंपरागत यूरिया से अधिक कारगर और फायदेमंद है। इससे न तो खेतों को कोई नुकसान होता है और न ही किसी तरह का प्रदूषण होता है। किसान बड़ी संख्या में इसे अपना भी रहे हैं। अब सरकार ड्रोन से किसानों को खेतों में स्प्रे कराएगी।
विज्ञापन

पहले प्रगतिशील किसानों के खेतों में होगा छिड़काव
अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि ड्रोन के माध्यम से नैनो यूरिया का छिड़काव पहले प्रगतिशील किसानों के खेतों में किया जाए ताकि दूसरे किसानों को इस तकनीक को अपनाने की प्रेरणा मिल सके। इस नई तकनीक के बारे में ज्यादा से ज्यादा किसानों को जागरूक करने को भी कहा गया है। जिससे कम खर्चे में अधिक फसल की पैदावार ली जा सके। हरियाणा सरकार द्वारा निर्धारित किए गए लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए जिले में ड्रोन की उपलब्धता भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
- अनीश यादव, उपायुक्त, करनाल
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें