कुरुक्षेत्र के गुरुनानक पब्लिक स्कूल के दो छात्रों के शव छह दिन बाद परिजनों को भाखड़ा नहर से बरामद हुए।
लापता छात्र विजय के परिजनों को उसका शव सोमवार देर रात करनाल जिला के चमारखेड़ा गांव के पास दिखाई दिया, जिसे मंगलवार सुबह निकालकर कुरुक्षेत्र के पोस्टमार्टम हाउस में भेजा गया, लेकिन शव की हालत काफी खराब होने के कारण डॉक्टरों ने शव को रोहतक पीजीआई रेफर कर दिया।
वहीं मंगलवार देर शाम लापता छात्र गौरव के परिजनों को भी उसका शव किरमिच हैड के पास दिखाई दिया। इसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए कुरुक्षेत्र के एलएनजेपी अस्पताल भेज दिया।
समाचार लिखे जाने तक यह स्पष्ट नहीं हो सका था कि गौरव के शव का पोस्टमार्टम भी पीजीआई रोहतक होगा या फिर कुरुक्षेत्र में ही।
केयू थाना प्रभारी नरेंद्र सिंह ने बताया कि 21 नवंबर को मिर्जापुर के पास भाखड़ा नहर के किनारे एक मोटरसाइकिल और दो छात्रों के बैग तथा वर्दी बरामद हुई थी।
इसके बाद दोनों छात्रों के परिजनों को सूचित किया गया था। छात्रों की पहचान कुरुक्षेत्र के सेक्टर-7 निवासी गौरव तथा पटियाला बैंक कॉलोनी कुरुक्षेत्र के रहने वाले विजय के रूप में हुई। 21 नवंबर से ही पुलिस और दोनों छात्रों के परिजन उनकी तलाश कर रहे थे। विजय के परिजनों बताया कि उन्होंने गौरव के परिजनों के साथ मिलकर नहर पर दिन रात पहरा लगाया हुआ था।
गौरव का शव परिजनों को देर रात को ही दिखाई दिया था लेकिन पानी के बहाव के कारण शव दोबारा पानी में ही चला गया था, जिसे मंगलवार सुबह पुलिस की मदद से करनाल जिले के चमारखेड़ा गांव से निकाल लिया। वहीं गौरव के शव को भी देर रात परिजनों ने पुलिस की मदद से निकाल लिया।
बिजली की रोशनी से नहर पर दे रहे थे परिजन पहरा
जब से दोनों छात्र भाखड़ा नहर से लापता हुए थे तब से ही दोनों के परिजनों ने भाखड़ा नहर के हर हैड पर बिजली का प्रबंध किया हुआ था और वहां पैनी नजर रखे हुए थे। परिजनों ने आरोप भी लगाया था कि जिला प्रशासन की ओर से उन्हें कोई सहयोग नहीं मिला।
डॉक्टरों की टीम ने शव को रोहतक रेफर किया
एलएनजेपी अस्पताल के डॉक्टर एसएस अरोड़ा, डॉ. शैलेंद्र ममगाईं शैली, डॉ. प्रवीण सैनी के नेतृत्व में विजय का पोस्टमार्टम होना था। परंतु तीनों डॉक्टरों ने बातचीत करने के बाद शव की हालत को देखते हुए मंगलवार देर शाम रोहतक पीजीआई रेफर कर दिया।