- एडिशनल सेशन जज मोहित अग्रवाल की अदालत ने सुनाया फैसला
- सजा के साथ 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया, दोस्त को किया बरी
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। आग लगाकर पत्नी की हत्या करने के दोषी पति को अदालत ने बृहस्पतिवार को उम्रकैद की सजा सुनाई है। इसके साथ ही उस पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। जिसे अदा नहीं करने पर दो वर्ष की अतिरिक्त सजा काटनी होगी। अदालत ने इस मामले में दोषी के आरोपी दोस्त को बरी कर दिया है।
जिला न्यायवादी डॉ. पंकज सैनी ने बताया कि इस मामले में फैसला एडिशनल सेशन जज मोहित अग्रवाल की अदालत ने सुनाया है। वर्ष 2017 की दो जून की रात घरौंडा निवासी पूनम को आग लगा दी गई थी। पड़ोसियों की सूचना पर मौके पर पुलिस पहुंची थी और उसे सिविल अस्पताल लाया गया। जहां से पूनम को पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया। जहां छह जून 2017 को पूनम की मौत हो गई। मौत से पहले चार जून 2017 को मजिस्ट्रेट के समक्ष पूनम के बयान दर्ज किए गए थे, जिसमें उसने पति सुंदर पर उसे जलाने का आरोप लगाया था। आरोप था कि सुंदर और पूनम के बीच झगड़ा चल रहा था। जिस पर दोस्त राजेंद्र ने सुंदर को उकसाया और उसने पत्नी को आग लगा दी थी।
इस मामले में एडिशनल सेशन जज मोहित मोहित अग्रवाल की अदालत ने फैसला सुनाते हुए सुंदर को उम्रकैद की सजा सुनाते हुए 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। साथ ही राजेंद्र को मामले से बरी कर दिया गया।