जिलेभर में दशहरा पर्व धूमधाम से मनाया गया। लोगों ने रावण के कुनबे को
जलाकर बुराई खत्म करके अच्छाई की जीत पर खुशी मनाई। शहर के सेक्टर-16 स्थित
दशहरा ग्राउंड में रावण के कुनबे को धू-धूकर जलाया गया। इस कार्यक्रम में
मुख्य अतिथि सांसद अश्विनी चोपड़ा रहे। शाम सवा छह बजे उनमें आग लगाकर
पटाखों की जोरदार आवाज के बीच रावण के साथ कुंभकरण व मेघनाद के पुतले जलाए
गए। दशहरा मैदान में मौजूद भीड़ ने मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के जयकारे
लगाए। मुख्य अतिथि सांसद अश्विनी चोपड़ा ने लोगों को दशहरे की बधाई दी और
दशहरा स्थल पर लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की। वीरवार को हिंदुओं की
आस्था के पर्व दशहरा को शहर के सेक्टर-16 मैदान में मनाया गया। सांसद ने
कहा कि भगवान श्रीराम के आदर्श जीवन का अनुसरण करने के साथ सभी लोगों को
अपना सामान्य जीवन सार्थक बनाना चाहिए। नैतिकता मूल्यों पर आधारित जीवन
जीने वाले लोगों को जीवन में परेशानी नहीं झेलनी पड़ती है। दशहरे पर्व के
दिन दोपहर बाद रामलीला मैदान से शोभायात्रा ने दशहरा मैदान में पहुंचने के
लिए प्रस्थान किया। दशहरे मैदान में सर्वप्रथम गणेश की झांकी के बाद करीब
21 झांकियां शहर के तमाम 16 बैंडों समेत कई हजार श्रद्धालु शामिल रहे।
धूमधाम के साथ शोभायात्रा रेलवे रोड से भगवान वाल्मीकि चौक से होते हुए
ओल्ड जीटी रोड के रास्ते कलंदरी गेट, महाराणा प्रताप चौक, मीराघाटी होते
हुए सेक्टर-16 दशहरा मैदान पहुंची। 21 हजार रुपये के फल हनुमान के स्वरूप
ने शोभायात्रा के दौरान शहर के लोगों को प्रसाद के तौर पर वितरित किए। इस
दौरान सैकड़ों लोगों की भीड़ रही।
पुतलों में लगाए गए पांच क्विंटल पटाखे
रावण,
कुंभकरण और मेघनाद के पुतलों में करीब पांच क्विंटल पटाखे लगाए गए। रावण
दहन के दौरान आसपास के क्षेत्र को पुलिस ने खाली करवा दिया, ताकि कोई
अनहोनी घटना न हो, वहीं फायरब्रिगेड की गाड़ियों व एंबुलेंस को भी तैनात कर
दिया गया था। बमों का धमाका इतना तेज था कि करीब पांच किलोमीटर की परिधि
में गूंज सुनाई दी। रावण ने मुंह से आग उगली और रावण की छाती पर दमन का
चक्र चला, जो दर्शकों के लिए विशेष आकर्षण बना रहा। रावण की लंका भी बम के
धमाकों के साथ धू-धूकर जली।
मेले में लोगों ने की जमकर खरीदारी
सेक्टर-16
के ग्राउंड में दिनभर मेला भरा रहा। सुबह से शाम तक लोगों ने जमकर खरीदारी
की। किसी ने बच्चों के लिए कार, जीप खरीदी तो किसी ने ट्रैक्टर और अन्य
खिलौने। दूरदराज से आए खिलौने विक्रेता दिनभर व्यस्त रहे। मेले में एक से
बढ़कर एक खिलौना देखकर बच्चों ने सामान खरीदने की जिद्द की। मेले में करीब
350 स्टाल लगे थे और जिले के बाहर के लोगों ने भी स्टाल सजाए थे।
50 से 2500 की तक की सजी आइटमें
स्टॉल
पर तैनात गोहाना के जोगिंद्र ने बताया कि 30 रुपये से लेकर 2500 रुपये की
तक आइटमें मौजूद हैं। ज्यादातर लोगों ने 50 से 600 रुपये तक के खिलौने
खरीदे हैं। मेले में 100 से 120 रुपये की कार व जीप, 70 से 90 रुपये के
ट्रैक्टर-ट्राली, रिमोट से चलने वाली कार 250 रुपये, जहाज 150 रुपये, छोटा व
बड़ा भीम 60-60 रुपये के बेचे गए। 2500 रुपये का जहाज कुछ ऊंचाई पर उड़ाया
गया। इसके अलावा महिलाओं के शृंगार का सामान भी सजा रहा।