प्रतिष्ठा का सवाल बनी जिला परिषद चेयरमैनी और वाइस चैयरमनी आखिरकार भाजपा की झोली में गई। 19 पार्षदों के लोटा नमक कराने के मंत्र ने भाजपा की किस्मत खोल दी। भाजपा की उषा देवी 25 में से 19 वोट लेकर चेयरमैन बनीं, जबकि बाला देवी 18 वोट हासिल कर वाइस चेयरमैन चुनी गईं। वहीं, दोनों पदों के लिए इनेलो को करारी शिकस्त का सामना करना पड़ा। उधर, जीत के बाद विजेताओं ने जश्न मनाया। बता दें कि इनेलो की तरफ से इनेलो के पूर्व विधायक नरेंद्र सांगवान की भाभी कमलेश सांगवान चेयरमैन पद की उम्मीदवार थी, जबकि दीपक कुमार वाइस चेयरमैन पद के उम्मीदवार थे। पूरी चुनाव प्रक्रिया के दौरान भाजपा के जिलाध्यक्ष व नीलोखेड़ी के विधायक भगवानदास कबीरपंथी, इंद्री विधायक व मंत्री कर्णदेव कांबोज, घरौंडा के विधायक व हैफेड के चेयरमैन हरविंद्र कल्याण व असंध के विधायक और सीपीएस बख्शीश सिंह भी मौजूद रहे।
इससे पहले, सुबह 11 बजे पंचायत भवन में जिला पार्षदों की बैठक शुरू होनी थी, लेकिन 12.30 बजे इनेलो की समर्थक कमलेश सांगवान छह पार्षदों के साथ बैठक में पहुंची। उनके साथ वार्ड पांच से दीक्षा रानी, वार्ड 9 से भीम सिंह, वार्ड 17 से रघबीर सिंह, 19 से दीपक कुमार व 22 वार्ड से कुलजीत कौर मौजूद रहे। वहीं, दोपहर सवा दो बजे चारों विधायकों के साथ कड़ी सुरक्षा के बीच एक वाल्वो बस में 19 जिला पार्षदों को पंचायत भवन लाया गया। शुरुआत में सर्वसम्मति बनाने के प्रयास भी किए गए, लेकिन बात नहीं बनी तो भाजपा और इनेलो की तरफ से दोनों पदों के लिए नाम तय कर दिए गए। अंत में एडीसी धर्मबीर सिंह की निगरानी में दोनों पदों के लिए चुनाव हुआ। भाजपा की तरफ से चेयरमैन के लिए उषा देवी व वाइस चेयरमैन के लिए बाला देवी के नाम प्रस्तावित किए गए, जबकि इनेलो की तरफ से वार्ड 16 से पार्षद कमलेश सांगवान चेयरमैन पद की दावेदार बनी तो दीपक कुमार वाइस चेयरमैन पद के उम्मीदवार।
करीब दो घंटे तक चली प्रक्रिया
अतिरिक्त उपायुक्त एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद धर्मवीर सिंह ने बताया कि करीब दो घंटे की प्रक्रिया में जिला परिषद के लिए कुल 25 सदस्यों में से बीजेपी सर्मथित वार्ड नंबर 8 से ऊषा देवी ने अपनी प्रतिद्वंदी कमलेश सांगवान को 13 वोटों से हराया। ऊषा देवी को 19, जबकि कमलेश सांगवान को 6 मत मिले। इसी प्रकार, उपाध्यक्ष पद के लिए वार्ड नम्बर 13 से बाला देवी ने 18 मत हासिल किए। उन्होंने अपने प्रतिद्वंधी वार्ड नम्बर 19 से दीपक कुमार को 11 मतों से हराया। दीपक कुमार को कुल 7 वोट मिले।
लोटा नमक आया काम
बता दें कि यह सीट इनेलो और भाजपा दोनों के लिए काफी अहम थी। सूत्रों ने बताया कि 21 मार्च से 19 पार्षद व उनके परिजनों को टूर पर ले जाया गया। इस दौरान सभी 19 पार्षदों से लोटा नमक डलवाया गया। टूर के दौरान सभी के साथ देने की बात कहने के बाद ही आनन फानन में चुनाव की तिथि तय की गई। इस दौरान चारों विधायकों ने अपने अपने हलके के पार्षदों को चंडीगढ़ स्थित अपनी कोठियों में रखा। शुक्रवार शाम को सभी 19 पार्षद चंडीगढ़ पहुंचे। वहीं, सुबह 19 पार्षदों ने सीएम मनोहर लाल से भी मुलाकात की। इसके बाद कड़ी सुरक्षा में एक वोल्वो बस में चारों विधायकों के साथ 19 पार्षदों को करनाल लाया गया। अहम बात यह है कि बस में ही चारों विधायक भी बैठे रहे। इससे पहले, कर्ण लेक पर चाय नाशते के बाद सभी से दोबारा से लौटा नमक याद दिलाया गया, ताकि चुनाव में कोई सदस्य इधर उधर न हो सके। आखिरकार भाजपा ने अपनी सीट बचा ली। बता दें कि अमर उजाला ने 26 मार्च के संस्करण में उषा मेहला के चेयरमैन बनने की संभावना जताई थी, जो सही साबित हुई।
विधायकों व मंत्री की मौजूदगी को लेकर हुई तनातनी
बैठक के अंदर सत्तासीन पार्टी के विधायकों व मंत्री के अंदर बैठने को लेकर सदन में तनातनी हो गई। इनेलो के पार्षदों ने इस पर ऐतराज जताया और कहा कि यह कानूनन गलत है। हालांकि, बाद में विधायक हरविंद्र कल्याण ने सभी को एक्ट की कापी दिखाई और बताया कि बैठक में पदेन सदस्य बैठक सकते हैं। समझाने के बाद इनेलो के पार्षद शांत हो गए।
विकास होगी प्राथमिकता : उषा देवी
नवनिर्वाचित अध्यक्ष बनी ऊषा देवी ने बताया कि उसका मुख्य उद्देश्य स्वच्छता मिशन और बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान को आगे बढ़ते हुए समूचे जिला का विकास करवाना और सहयोग करना है। उन्होंने मुख्यमंत्री मनोहर लाल सहित मंत्री, सीपीएस तथा सभी उपस्थित विधायकों का भी आभार व्यक्त किया।
महिला सशक्तीकरण को देंगे बढ़ावा
उपाध्यक्ष बाला देवी ने कहा कि महिला सशक्तीकरण का स्वरूप इस राज में देखने को मिल रहा है। इस स्वरूप को हम सब मिलकर आगे बढ़ाने का काम करेंगे। हर क्षेत्र में महिलाओं को आगे बढ़ने के अवसर प्रदान हो इस विषय को लेकर समाज सेवा के कार्य को भी आगे बढ़ाएंगे।